**सूनी कोख और भरा हुआ आँचल** – महक दुआ
*उसने अपनी कोख इसलिए सूनी रखी ताकि देवर को ‘सतेला’ होने का अहसास न हो। लेकिन बीस साल बाद जब उसी देवर ने भरी महफिल में कहा, “तुम हो कौन? सिर्फ मेरी भाभी ही तो हो,” तो उस त्याग की मूरत के दिल के इतने टुकड़े हुए कि आवाज़ भी नहीं निकली।* — वंदना जब … Read more