रिश्ता – डाॅ उर्मिला सिन्हा
अचानक दोनों में टक्कर हो गई। ” जरा संभल कर”। “ओह,सारी” और टकराने वाली नौ-दो ग्यारह। मिहिर के हाथ से गिलास गिर गया। गनीमत गिलास खाली था…झन्न से आवाज हुई , मिहिर ने नजरें दौड़ाई हल्का सा गुलाबी दुपट्टा दिखा। उसने देखने की कोशिश की… और आगे बढ़ गया। शादी विवाह का घर, नृत्य-संगीत, रस्मोरिवाज … Read more