देवकन्या (भाग-20) – रीमा महेन्द्र ठाकुर : Moral stories in hindi

वैराग्य – ******”” मैने लडखडाते कदमों से ,मठ मे प्रवेश किया””” वहा काफी भीड थी””””” सभी मुझे आश्चर्य  से देख रहे थे”””” अचानक  से सबकी आवाजे एकसार  हो कर ,मेरे कानों मे गूजंने लगी” और मै अचेत हो गयी!!!!! जब आंख खुली तो मैने देखा सामने,भगवान महावीर ध्यानमुद्रा मे तल्लीन  थी””””मै उठकर उनके चरणो मे … Read more

देवकन्या (भाग-19) – रीमा महेन्द्र ठाकुर : Moral stories in hindi

अधिकार “” ********” कौशम्बी नरेश”””” क् क्या “”” मै “”” इतनी बडी भूल”””कैसे “”” अब क्या करूं तरूणी,तू ही बता”””मेरे अश्रु बह निकले””” राजकुमारी””” धैर्य रखो”””कुछ सोचने दो””” राजकुमारी”””  हम उनके अधीन है,वो हमारा हर तरह से उपभोग कर सकते है,,,बस अब आपको कुछ दिन धैर्य रखना होगा! रात्रि फिर आयी”””मै क्रोध मे थी””” वो … Read more

देवकन्या (भाग-18) – रीमा महेन्द्र ठाकुर : Moral stories in hindi

(देवकन्या अनमोल कृति) अभ्यास “”” ******* कौन था ये मित्र “””‘ मुझे नही पता “”” तो पता करो, एक सैनिक ने आकर हर्षदेव को सावधान किया””” कुंवर हर्षदेव  आप मेरे मित्र  है, अभी आप देवी देवकन्या  के साथ  प्रस्थान  करे””” कुछ नवयुवक तरूण इधर ही आ रहे है”””” वो मद्यपान  पीकर धुत है ,,,बेवजह ही … Read more

देवकन्या (भाग-17) – रीमा महेन्द्र ठाकुर : Moral stories in hindi

प्रशिक्षण- ******** सखी रूको””” मधूलिका आगे आकर अमरा का रास्ता रोककर खडी हो गयी”””‘ मधूलिका पर प्रश्नवाचक दृष्टि डाली अमरा  ने”””” वहां तुम्हारे लिऐ खतरा हो सकता है “”” मै जाऊंगी “”” द्धार खोलकर आगे बढ गयी_मधूलिका”__ रेशमी पर्दे के पीछे खडा तरूण अचानक  बाहर आ गया””” कौन””” मै संदेशवाहक “”” क्या संदेश लाये हो””” … Read more

देवकन्या (भाग-16) – रीमा महेन्द्र ठाकुर : Moral stories in hindi

चंपापुरी  की राजकुमारी””” ************** देवी कौन हो तुम “”” मै समय की मारी एक स्त्री”” अपना जैविक परिचय दो भगवती”””” अश्रुबूंदे   छलक आयी उस युवती के चेहरे पर”” वो विलख उठी”””उसके अधर उसका साथ न दे रहे थे”” मै चंपा नरेश, दधिवाहन, रानी धारणी की पुत्री, राजकुमारी,चद्रबाला हूँ। उस युवती  ने इधर उधर पलट … Read more

देवकन्या (भाग-15) – रीमा महेन्द्र ठाकुर : Moral stories in hindi

अधिकार””””” ये रूको” पीछे से आवाज सुनकर दोनों ,युवतियां ठिठक कर रूक गयी””” आपने  किसकी अनुमति से राज उद्यान मे प्रवेश किया “”” मेरे स्वंयम् की” ,पलट कर बोली अमरा” अरे देवी  देवकन्या आप ,मेरा सौभाग्य  की आपके दर्शन हुऐ””” मै राज्यआज्ञा से आया हूं “” क्षमा देवी”” महाराज को कुछ संदेह   था” आप … Read more

देवकन्या (भाग-14) – रीमा महेन्द्र ठाकुर : Moral stories in hindi

अज्ञात तीन वर्ष” **********”” मान्यवर ”यदि आप कीचिंत मात्र  भी नारी का सम्मान करते हो तो तीन वर्ष की आवधि तक आप देवी  देवकन्या,से दूर रहना “” ठीक है राजनायक, ये बात मै नही भूलूंगा की आपने मेरा अपमान  किया, तीन वर्ष के बाद मै   देवी  देवकन्या”  से यही मिलूंगा””क्रोध से पैर पटकता हुआ … Read more

देवकन्या (भाग-13) – रीमा महेन्द्र ठाकुर : Moral stories in hindi

!!परिवर्तन !! सुबह से ही लिच्छवी  राजा मनुदेव का मन बैचेन था”” उसकी आंखो के सामने नृत्य करती युवती का प्रतिबिम्ब घूम रहा था!! वे संघ के शानदार  लिच्छवी  कबीले के प्रसिद्ध  राजा थे” पर आज एक कन्या ने उन्हें  हताश कर दिया “” वो ग्यारह बाराह वर्ष की बाला”तीखे नैन नक्श, हिरनी सी “” … Read more

देवकन्या (भाग-12) – रीमा महेन्द्र ठाकुर : Moral stories in hindi

निर्णय !! रात्रि का अंतिम पहर’ दो घुड़सवार दृतगति से भवन की ओर चले आ रहे थे! मदनिका दूर से ही समझ गयी थी की,वो दोनों कौन है””” -वो रात्रि  के   अंतिम पहर तक वही बाहर राजपथ पर उन्ही का इंतजार  कर रही थी! दोनों घुड़सवार भवन के बाहर आकर खडे हो गये!!! ब्रह्ममुहुर्त … Read more

देवकन्या (भाग-11) – रीमा महेन्द्र ठाकुर : Moral stories in hindi

अवधि” ******** संघ की सभी ,सभासद”एकत्रित हो चुके थे! देखकर लग रहा था, आज किसी के पास कोई कार्य नही है, सिर्फ इस फैसले के””सिवा” एक समंत उठकर कर खडा हो गया “” उसके हाथ मे एक सूचना पत्र था, जो बारी बारी सबके सामने रखा गया, उस पत्र पर लिखी सूचना से सभी सहमत … Read more

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