राख के नीचे सुलगती उम्मीद
दो साल का लंबा, तपस्या भरा वक्त बीत गया। अदालत ने निमेश के अच्छे आचरण, अनुराधा द्वारा भरे गए जुर्माने और कानूनी प्रक्रियाओं के तहत उनकी रिहाई का आदेश दे दिया। जिस दिन निमेश जेल के भारी लोहे के दरवाज़े से बाहर निकले, बाहर कोई लग्ज़री गाड़ी नहीं खड़ी थी। बाहर खड़ी थी अनुराधा—सूती साड़ी … Read more