“प्रीत बड़ी या सात वचन”…. -सिन्नी पाण्डेय : Moral stories in hindi
तानी अपने मामाजी के बेटे के तिलक में आई हुई थी और काम काज में हाथ बंटा रही थी।घर मे भीड़ भाड़ होने के कारण खूब मजा आ रहा था,सब लोग मस्ती कर रहे थे।अचानक तानी की नज़र उसी भीड़ में अपनी ओर देखती हुई नज़रों से टकराई और उसने अनायास ही नज़रें झुका लीं। … Read more