कैसा ये रिश्ता? – उमा वर्मा : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : राधा काकी मेरे पिता जी की रिश्ते की भाभी लगती थी ।हम लोग उन्हे काकी ही कहते थे।बहुत अच्छी, नेक और शालीन स्त्री थी वह ।मै शायद नौ साल की थी तभी उनका ब्याह राघव काका से हो गया था ।दुबली पतली, गोरी चिट्टी सी काकी बहुत प्यारी लगी थी … Read more

वृंदा – पूजा मिश्रा  : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : ऑफिस से आते ही अमित ने कहा , वृंदा  आज मैने  एक हफ्ते की छुट्टी  ले ली है मां  का पेल्विक बोन में फ्रेक्चर हो गया है मुझे कल कानपुर जाना है नमित का फोन आया था वह बाथरूम में गिर गई थी ।   आपने मुझे पहले क्यों नहीं बताया … Read more

ऐसों मायका किसी को ना दियो भगवन् भाग 2 – रश्मि प्रकाश  : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : माँ के जाने के बाद वृंदा जी बस माँ की फ़िक्र में ही लगी रहती थी। जब बेटा ख़ुद आकर ले गया और माँ भी जाना ही चाह रही थी तो वृंदा जी चाहते हुए भी माँ को रख नही पा रही थी। वो अब हर वक़्त माँ के हालात … Read more

ऐसों मायका किसी को ना दियो भगवन् – रश्मि प्रकाश  : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi :  ‘‘ अरे वृंदा बहन आपकी माँ आजकल दिखाई नहीं दे रही, वो ठीक तो है ना? ‘‘ पड़ोस में रहने वाली सुमन ने पूछा  ‘‘ हाँ माँ बिल्कुल ठीक है,अभी छोटे भाई के पास है वो आकर उसको अपने साथ ले गया है।‘‘ वृंदा जी ने कहा जो घर के … Read more

हृदय परिवर्तन – पुष्पा जोशी  : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi :  परेश ने छह महिनों में एक बार भी अपने पिता राजेश जी के घर की ओर रूख नहीं किया। अपनी माँ रमा जी, के व्यवहार से वह बहुत आहत हो गया था। उसकी माँ ने चारू के साथ जो व्यवहार किया, उसे याद करके तो उसकी अपने घर जाने की … Read more

*पिता से छल* – पुष्पा जोशी : Moral Stories in Hindi

 रामदीन और केशव पक्के दोस्त थे। ये बचपन के दोस्त आज लगभग ७० की उम्र के हो गए थे। दोनों खेती किसानी करते और अपने परिवार का भरण पोषण करते। समय आने पर एक दूसरे की मदद करते। दोनों का जीवन एक दूसरे के लिए एक खुली किताब की तरह था। कोई छल बंद नहीं। … Read more

जोड़ -घटाव – संगीता त्रिपाठी : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : ” सुनो कल वो कानपुर वाले फूफा जी है न….. अरे वही जो चाची के फूफा जी… जो हमारी शादी में नहीं आ पाये थे… वो कल आ रहे “राघव ने मुझे यानि राधिका को हैरान देख,अपनी बात पूरी की। जब से राधिका यहाँ आई है रिश्ते उसे खिचड़ी के … Read more

तेरी मम्मी भी तो तेरी भाभी का ऐसे ही मजाक उड़ाती है – बीना शर्मा  : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : मेघना आज ऑफिस आई तो उसका चेहरा खुशी से खिला हुआ था यह देखकर उसकी सहेली राखी उससे मुस्कुराते हुए बोली” क्या बात है आज तेरा चेहरा इतना खिला हुआ क्यों हैं लगता है आज तुम्हारे पति देव ने तुम्हें कोई अच्छा सा गिफ्ट दिया है? यह सुनकर मेघना हंसते … Read more

सगुना – रेनू शर्मा  : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : सररररररर…….सरसराती सी सगुना कभी एक जगह नहीं टिकती है। दादी कहती “बेकार नाम रखा छोरी का , गुन तो एकहु ना है काहे की सगुना, सब मलंग छोरों वाली करतूतें “ साधारण माता पिता, एक बड़ी बहन पांच साल पहले ही ब्याही गई है। दोनों रुपवती,पर बड़ी बहन जहां धीर … Read more

खुन के रिश्ते भी बदल जाते हैं !! – स्वाती जैन : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : अरे बच्चों , तुम्हारी कविता बुआ आ रही हैं दो दिन बाद , अभी मेरी उनसे फोन पर बात हुई , रजनी जी अपने पोते मोनू और पोती रिदिमा से बोली !! मोनू बोला अरे वाह !! मतलब यश और गुंजन भी आ रहे हैं , हम सब खुब साथ … Read more

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