महत्वाकांक्षा – अनुराधा श्रीवास्तव | family moral stories
“अरे मुक्ता, तुम्हारे बेटे का तो आज रिजल्ट आया है ना, कोैन सी रैंक आयी है, मन्टू की।’’ “हाॅं रमा भाभी आ गया रिजल्ट, सांतवी रैंक है क्लास में।’’ मुक्ता ने रमा को बता तो दिया लेकिन जानती थी कि वो आगे सिर्फ अपनी बेटी रिंकी की बड़ाई ही करने वाली है। “रिंकी तो क्लास … Read more