मेरी बेटी घुट घुट कर नहीं जीएगी –   हेमलता गुप्ता : Moral stories in hindi

मां मां… देखो तो पापा को, कितने उतावले हो रहे हैं आज , कितनी बार दरवाजे के चक्कर काट चुके हैं! हां भई.. उनकी लाडली बिटिया ससुराल में पूरे 15 दिन विताकर वापस आ रही है! पता नहीं पापा 15 दिन कैसे रहें रिया के बिना! चुप कर… क्या तू लाडला नहीं है हमारा, अरे.. … Read more

समयचक्र यही है…रश्मि झा मिश्रा : Moral stories in hindi

आज से कोई चालीस पचास साल पहले तक… शादियां घर के बड़े ही पूरी तरह तय करते थे… लड़के लड़कियों को बस तैयार होकर मंडप में बैठना होता था… खासकर बड़े घरानों में तो शादी से पहले एक दूसरे को देखना… नाक कटाने वाली बात होती थी…और यदि किसी तरह देख भी लिया… तो उसे … Read more

कुछ उनकी सुनें, कुछ अपनी कहें – प्रियंका सक्सेना : Moral stories in hindi

“तुम बिन मैं कुछ नहीं, राधा ना जाओ मुझे छोड़कर| ” राघव बिलख बिलख कर राधा के निर्जीव शरीर से लिपट कर कह रहे थे| आरती और प्रकाश भी फफक फफक कर रो रहे थे|  अपने पिता को राधा से अलग करते हुए प्रकाश रोते रोते बोला, “पापा, मम्मी चली गई हैं हमेशा के लिए … Read more

समय का फेर – संगीता त्रिपाठी : Moral stories in hindi

सुबह -सुबह फोन की घंटी बजी, उमा जी घबरा गई, इस समय किसका फोन आ सकता हैं, अभी तो पांच ही बजे हैं। फोन पर सना की आवाज सुन उमा और घबरा गई “सब ठीक हैं सना,उधर से सना की रूहासी आवाज उनको विचलित कर दे रही थी      “क्या, तेरे सास -ससुर हमेशा के लिये … Read more

समय का बदलाव – मंजू ओमर : Moral stories in hindi

ये समय चक्र है हमेशा एक सा नहीं रहता कभी किसी का पलड़ा भारी तो कभी किसी का। लक्ष्मी आंटी का बड़ा रूतबा था अपने घर पर , अपने बहुओं पर , रिश्तेदारों में , मुहल्ले पड़ोस में।हर समय बस वो अपनी अपनी ही कहती रहती है घर के बाहर थोड़ी देर को खड़ी हो … Read more

रूम मेट हो गार्जियन न बनो – माधुरी गुप्ता : Moral stories in hindi

रूही जैसे ही अपने हॉस्टल के कमरे में घुसी,उसने देखा उसकी रूम मेट सीमा अभी तक जाग रही थी,सोई नही तुम सीमा? कैसे सोती तेरी चिंता जो लगी हुई थी,जानती है तेरी मां का दो बार फोन आचुके है ,आज तो मैंने झूठ बोल दिया कि यूं किसी सहेली थी बर्थ डे पार्टी में गई … Read more

“सब दिन रहत ना एक समाना” – सुषमा यादव : Moral stories in hindi

समय का पहिया घूमता रहता है।समय चक्र सबको अपने लपेटे में ले लेता है। बुजुर्गों ने सही कहा है। शिवानी आज़ बहुत दिनों बाद अपने ससुराल आई,, वो खामोश बैठी घर को देख रही थी,, इतने में लेखपाल आये, और बोले, बहुत बहुत बधाई हो आप को,,आप के नाम ये पूरी प्रापर्टी हो गई है,अब … Read more

गाँव से अमेरिका तक का सफर – के कामेश्वरी  : Moral stories in hindi

सुरभि के माता-पिता गाँव में रहते हैं।  वहीं के सरकारी स्कूल में सुरभि के पिता रोहन जी शिक्षक थे । एक शिक्षक के लिए तीन लड़कियों को पढ़ाना लिखाना और शादी कराना आसान नहीं था । बड़ी बेटी सुरभि एम एसी करके शहर के एक बहुत बड़ी कंपनी में नौकरी करती थी । रमा और … Read more

दिल तो बच्चा है जी – आरती झा आद्या : Moral stories in hindi

दोनों बेटे की परवरिश, पति की आज्ञा का पालन.. दूसरों के मन मुताबिक चलते चलते विद्या भूल ही गई थी कि उसकी अपनी भी कुछ इच्छाएँ थी। बड़े बेटे सुजय ने अपने ही साथ पढ़ने वाली सौम्या से विवाह किया था। सौम्या अपनी माँ स्वाति की तरह ही बहुत मधुर स्वभाव की थी। उसी शहर … Read more

मदद – बीना शर्मा: Moral stories in hindi

कोमल अपनी मम्मी कंचन के साथ बाजार से शॉपिंग करके जब वापस घर की तरफ आ रही थी तब उसने देखा सड़क के किनारे एक बुजुर्ग आदमी गुब्बारे बेच रहा था उसका चेहरा देखकर ऐसा लग रहा था जैसे वह बहुत परेशान हो कोमल बेहद समझदार और चेहरे के हाव-भाव पढ़ने वाली युवती थी जो … Read more

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