धोखा – मंजू ओमर : Moral stories in hindi
अरे अनंत सिर्फ दुकान चलाने और पैसा कमाने में ही व्यस्त रहता है कि कुछ घर पर और बच्चों पर भी ध्यान देता है। काहे दीपक भइया ऐसा क्यों कह रहै हो अंनत बोला । अरे श्रेया अब बड़ी हो रही है जरा उसपर भी ध्यान रखा करों कहां जा रही है किससे मिलजुल रही … Read more