मेरी हम सफर – डा. मधु आंधीवाल
” चलते चलते मुझे कोई मिल गया था “ सुनिधि बड़ी गहराई में उतर कर ये गाना सुन रही थी । सोच रही थी जिन्दगी में कभी कभी इतनी आकस्मिक घटनायें घट जाती है जो सोच से परे होती हैं । सुनिधि की परीक्षा चल रही थी एम.ए फायनल दो पेपर रह गये थे । … Read more