रिक्त स्थान (भाग 34) – गरिमा जैन

भारत माता की जय रेखा ने सब को संबोधित करते हुए जैसे ही यह नारा लगाया पूरा हॉल भारत माता की जय से गूंज उठा। रेखा धीरे से मुस्कुराई।तभी किसी ने उससे एक बड़ा तीखा प्रश्न किया ” तो आप भी एक फेमिनिस्ट है??” रेखा ने मुस्कुराते हुए बहुत अच्छा उत्तर दिया उस प्रश्न का। … Read more

रिक्त स्थान (भाग 33) – गरिमा जैन

उस हादसे को बीते आज 2 हफ्ते हो चुके लेकिन उसकी कड़वी यादें आज भी रेखा की मन पर छाई रहती हैं। जितेंद्र रेखा से कुछ कटा कटा सा रहने लगा है। रेखा क्या करें!! वह समझ नहीं पाती, वह किस तरह जितेंद्र को फिर से वैसा ही हंसता मुस्कुराता बना दे ,उसके घर का … Read more

रिक्त स्थान (भाग 32) – गरिमा जैन

आज रेखा की जिंदगी का बहुत बड़ा दिन है ।आज उसकी जिंदगी में दो दो खुशियां एक साथ दस्तक दे रही थी। जानू आज पहले दिन स्कूल जा रहा था और रेखा ने आज अपने सालों की मेहनत के बाद कंपनी खोली है। यह दो साल ना जाने पंख लगा कर कहां उड़ गए? रेखा … Read more

रिक्त स्थान (भाग 31) – गरिमा जैन

आज रेखा की जिंदगी का बहुत बड़ा दिन है ।आज उसकी जिंदगी में दो दो खुशियां एक साथ दस्तक दे रही थी। जानू आज पहले दिन स्कूल जा रहा था और रेखा ने आज अपने सालों की मेहनत के बाद कंपनी खोली है। यह दो साल ना जाने पंख लगा कर कहां उड़ गए? रेखा … Read more

खानदान की इज्जत – संगीता त्रिपाठी : Moral stories in hindi

Moral stories in hindi : रति ने अपना प्लानिंग शीट रवि के सामने रख दिया। खाना खाते रवि का हाथ लेटर देख रुक गया। प्रश्नवाचक दृष्टि से देखते बोला -अचानक ये अलग कोचिंग खोलने का फैसला क्यों..? तुम्हे क्या पैसों की कमी है, बोलो…. अब तुम ये सब करके क्या बताना चाहती हो लोगों को, … Read more

बेवफाई- एक दंश – रचना कंडवाल : Moral stories in hindi

Moral stories in hindi : सुनो! तुम्हारा ये माया नाम मुझ पर जादू सा कर देता है। तुम्हारी ये हंसी तुम्हारे गालों में पड़ते गड्ढे और ये कंचन काया सच कहूं ! तो तुम्हारे आगे मुझे कुछ दिखता ही नहीं ऐसा कह कर अविनाश उसे अपने बाहुपाश में बांध चुके थे। सुबह-सुबह गीले बालों की … Read more

नियति का खेल- शुभ्रा बैनर्जी  : Moral stories in hindi

Moral stories in hindi : कट्टर कन्नड़  ब्राह्मण परिवार के थे मिस्टर सदानंदन।दो बेटे थे उनके-भारद्वाज और वशिष्ठ।बड़ा बेटा भारद्वाज पांचवीं में और छोटा वशिष्ठ तीसरी में पढ़ते थे।मिस्टर सदानंदन जी एम ऑफिस में फाइनैंस डिपार्टमेंट में थे।कोल इंडिया की साउथ ईस्टर्न लिमिटेड कंपनी है इस क्षेत्र में। कहीं से पता चला उन्हें कि मैं … Read more

मै बच्चों को माफ नहीं कर सकती – अर्चना खंडेलवाल : Moral stories in hindi

Moral stories in hindi : राघव मेरा नया चश्मा बनवा दें, मुझे आजकल इसमें से कुछ भी साफ नहीं दिखता है, मै भगवान की पूजा -पाठ भी नहीं कर पाती हूं, ललिता जी ने अपने बड़े बेटे को कहा जो लगभग घर से निकलने को तैयार हो रहा था।ओहहह, मां आपको कितनी बार कहा है … Read more

अपनों का अहसान कैसा- मंजू ओमर: moral stories in hindi

moral stories in hindi : ” गरिमा की सास ने महिमा को गले से लगा लिया बहुत बड़ा काम किया है तुमने आज महिमा गरिमा की सांस बोली तुम्हारा बड़ा अहसान है , महिमा बोली नहीं आंटी अहसान कैसा मैंने तो अपना फर्ज समझ कर किया है ।                 गरिमा और महिमा दोनों बहनें थीं और … Read more

खानदान का नाम – विभा गुप्ता : moral stories in hindi

moral stories in hindi : ” मम्…मी…कहाँ हैं आप!…।इस बार मेरा ट्रांसफर आपके प्रिय शहर बरेली में हुआ है।” चहकते हुए नित्या आई और अपनी माँ के गले में बाँहें डालते हुए बोली तो कपड़ों को तह लगाते हुए रजनी के हाथ एकाएक रुक गये।    ‘ बरेली….।’ वह धीरे-से बुदबुदाई। ” हाँ मम्मी…ज़्यादा सोचिये मत … Read more

error: Content is protected !!