आत्मसंतुष्टि- करुणा मालिक : Moral Stories in Hindi

मधु ! सामान बाँधने की तैयारी करो …. ट्रांसफ़र रूकने की अब  कोई उम्मीद नहीं  बची, आज पता चला है कि मेरी जगह आने वाले डॉक्टर सोमवार को ज्वाइन कर लेंगे ।  हाय राम ! बताओ …. तंग हो गई मैं तो….. एक साल पहले मेरा ट्रांसफ़र यहाँ हुआ तो अब आपका हो गया …. … Read more

सास का मयका- आराधना सेन : Moral Stories in Hindi

“अरे दीदी आ भी जाओ रज्जो आई हैं बार बार पुछ रही थी, बुआ कब आयेगी कितने दिन उनसे मिलना नही हुआ “माँ फोन पर बुआ से बात कर रही थी। रज्जो गर्मियो की छुट्टियो मे आई थी बुआ की प्यारी हैं रज्जो एक उम्र के बाद रज्जो बुआ की सहेली बन गई थी बुआ … Read more

तुम मेरे साथ ऐसा बर्ताव करोगे, कभी सपने में भी नहीं सोचा था। – शनाया अहम : Moral Stories in Hindi

मधु ऐसे मत रो , देखो पहले ही तुम्हारी तबियत ख़राब है और उस पर से अगर तुम ऐसे रोई तो तबियत और बिगड़ जाएगी।  अपनी पत्नी मधु को समझाते हुए अशोक ने उसे चुप करने की कोशिश की लेकिन मधु आज जबसे हॉस्पिटल से आई वो लगातार रोये जा रही थी।  आज उसके चेकअप … Read more

आशंकित आंखे – बालेश्वर गुप्ता : Moral Stories in Hindi

 भैय्या मैंने आपका सूटकेस ऊपर के कमरे में रख दिया है,आप और भाभी वही आराम करना। अरे ठीक है अन्नू,अपना घर है,कही भी कैसे भी रहे,क्या फर्क पड़ता है।बाबूजी के जाने के बाद उनकी याद तो यहां आकर आती ही है, पर अन्नू तेरा प्यार और सम्मान पाकर यहाँ अपनापन लगता है।      बंसीधर जी के … Read more

सास बनते ही क्यूं बदल गई मां?? – पूर्णिमा सोनी : Moral Stories in Hindi

सुरेखा जी से तो अपनी खुशी थामे नहीं थम रही थी और हो भी क्यों ना! नई ब्याहता बिटिया सिमरन और दामाद मानवेन्द्र घर जो आ रहे हैं! अपनी पड़ोसन को चहकते हुए बता रही थी। बेटी घूमने निकली थी तो थोड़ा सा रुट चेंज करके बीच में दो दिन के लिए मायके भी रुकने … Read more

इन बूढ़ी आँखों ने सबसे अटूट रिश्ते को टूटते देखे हैं – कामिनी मिश्रा : Moral Stories in Hindi

काश कि उस वक्त मैं तेरी माँ को नहीं रोकती ,  उसे मोहित के साथ जाने देती , तो आज यह दिन नहीं देखना पड़ता….. अपनी लाचारी दिखाकर मैंने तेरी माँ का घर बर्बाद कर दिया इतनी भी मैं बीमार नहीं थी कि मैं कुछ कर नहीं सकती थी  ।  इन आँखों ने अपने ही … Read more

सरप्राइज – रश्मि झा मिश्रा : Moral Stories in Hindi

“मना किया था तुम्हें… मत लादो इतना सामान… पर तुम्हारी तो जैसे कुछ समझ में ही नहीं आता… अब उठाओ तो अपना बैग… उठा पाओगी… कहां आया तुम्हारा बेटा… बड़ी शान से बोल रही थी… आपको नहीं उठाना पड़ेगा… मेरा बेटा खुद उठा कर ले जाएगा… अब क्या हुआ…?” ” सामान क्या… वह तो मुझे … Read more

तुम मेरे साथ ऐसा व्यवहार करोगे मैंने ऐसा कभी नहीं सोचा था – पूजा शर्मा : Moral Stories in Hindi

जैसेही रवि ऑफिस से घर आया , वह समझ गया आज फिर घर में कुछ हुआ है। हुआ क्या होगा संध्या ने फिर कुछ उल्टा सीधा कह दिया होगा माँ को और शिखा को, पिछले 1 साल से यही सब तो चल रहा है इस घर में। उसने देखा बरामदे मेंबैठा उसकी बहन का   6 … Read more

समय की माँग – श्वेता सोनी : Moral Stories in Hindi

आज कई साल बाद मायके जा रही है नंदिनी, मन में उत्साह और मायूसी के मिले-जुले भाव हैं,  कैसा मायका.. कहाँ रहे माँ-बाप और वो बहनें..  कैसा रुआसा हो आया उसकी मन. बहनें… शब्द में ही कितना अपनापा लगता है ना..  नंदिनी,नलिनी,निशा और नेत्रा.. चार बहने थीं वे.. थीं… क्योंकि अब वो बहनें नहीं रहीं.. … Read more

खोया बेटा वापस मिला – नेकराम : Moral Stories in Hindi

अम्मा मैंने शहर में एक नौकरी पकड़ ली है कंपनी वाले रहने को वही एक फ्लैट भी दे रहे हैं …. 21 वर्षीय अशोक ने अपनी मां पार्वती को थोड़ा ऊंचे लहजे में कहा तो पास खड़े बाबूजी बीड़ी सुलगाते हुए बोले गांव में जो इतनी बड़ी खेती बाड़ी है घर में चार-चार ट्रैक्टर हैं … Read more

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