अहंकार की दीवार
विक्रम की बात सुनकर स्मृति वहीं फर्श पर घुटनों के बल बैठ गई और फूट-फूट कर रोने लगी। उसने मीरा के हाथ पकड़ लिए और बोली, “मुझे माफ कर दीजिए भाभी! मैंने बहुत बड़ा पाप किया है। उस दिन मेरी तबीयत आपके जूस से नहीं, बल्कि मेरे छुपकर बाहर का खाना खाने से खराब हुई … Read more