“जेनरेशन गैप” – कुमुद मोहन

क्या मम्मी जी!आज फिर आपने अपना गीला तौलिया पलंग के सिरहाने सुखा दिया कितनी बार कहा है गीले कपड़े बाहर आंगन में सुखा दिया करिये ,बदबू आती है कपडों से”तमतमा कर टीना अपनी सास सुनीता जी पर चिल्लाई! सुनीता जी आर्थराईटिस की मरीज ऊपर से धुलाई के बाद गीला आंगन! कहीं गिर पड़ गई और … Read more

संस्कार – नीरजा कृष्णा

आज वो बहुत खुश घर लौटा था। उसके बॉस ने आज ऑफिस के सभी लोगों को सपरिवार भोजन पर निमंत्रित किया है। आते ही बोला,”सुनो विम्मी! तुमको बहुत शिकायत थी ना…हमलोग कहीं बढ़िया जगह नहीं जा पाते। आज सर के शानदार बंगले में दावत है। खूब एंजॉय करना।” वो भी सिन्हा मैम की स्मार्टनैस से … Read more

हृदय परिवर्तन – संजय मृदुल 

कल अस्पताल में दादी को जैसे ही होश आया उन्होंने अनुज को सामने बैठे देखा। उन्होंने धीरे से आवाज दी उसे। अनुज के हाथ अपने हाथों में लेकर दादी ने कहा- सुन, तेरे दोस्त को बुला। अनुज ने हल्के से मुस्कुरा कर  कहा पहले घर चलो वहीं मिल लेना उससे। दादी को यहां आए कुछ … Read more

पाँच अंगुलियाँ बराबर नहीं होती…! – मधु मिश्रा

पिछले पन्द्रह दिनों से मिसेज़ शर्मा को मलेरिया हो जाने की वज़ह से वो स्कूल नहीं आ रही थीं, इसलिए स्कूल से छुट्टी होते ही हम सब सहयोगी मित्र शिक्षिकाएं उनसे मिलने उनके घर गईं l        घर पहुँच कर जब हमने कॉलिंग बेल बजाई, तो उनकी बड़ी बेटी ने दरवाज़ा खोला और हमें देखकर उसने … Read more

संस्कार के नाम पर. – संगीता त्रिपाठी

“शोभा सुना है तू और देवर जी पायल को उसकी ससुराल से वापस ले आये, कुछ समझ है तुम लोगों को, बेटी अपने घर में ही सोहती है,हमारे घर का यही संस्कार है, शादी हो गई, चाहे जैसा ससुराल हो बेटियों को ही निभाना है।”रमा जी ने देवरानी शोभा को डांटते हुये कहा।      शोभा तो … Read more

हमारे संस्कार किसी को मूर्ख बनाना नही है – संगीता अग्रवाल 

” चलो रिया , रितिक जल्दी से नहा धो लो कॉलेज का समय हो रहा है आज नववर्ष का पहला दिन है तो साथ में पूजा भी करनी है !” शैलजा ने रसोई में से ही आवाज लगाई। ” मम्मी मम्मी वो रितिक के पेट में बहुत जोर का दर्द हो रहा है !” तभी … Read more

सास, बहु और पोता – शकुंतला शर्मा 

“बहू….”सास ज़ोर से चिल्लाई, “आई माँजी” बहु ने भी ज़ोर से कहा,,पर बहु वहीं की वहीं रही , न आई ,,,, सास ने फिर आवाज़ लगाई, बहु को जाना पड़ा,,सिर ढक कर बोली “क्या बात है माँजी, कुछ चाहिए क्या”? सास ने कहा,”पानी का गिलास पकड़ा दे, प्यास लगी है” !    बहु ने गिलास पकड़ाया … Read more

अपने अपने संस्कार – निभा राजीव “निर्वी”

आज बड़े दिनों के बाद निधि की बचपन की सहेली विनीता उससे मिलने आई थी। यूं तो दोनों एक ही शहर में रहते थे मगर कामकाजी होने के कारण व्यस्तता इतनी हो जाती थी कि मिलना कभी-कभार ही हो पाता था। निधि ने बड़े मन से विनीता के पसंद का बेसन का हलवा बनाया था … Read more

चंद्रमुखी – भगवती सक्सेना गौड़

आज चंद्रमुखी 65 वर्षीय महिला, अपने किरायेदार विक्की बाबू के साथ बैंक जा रही थी, वर्ष में एक बार लाइफ सर्टिफिकेट के लिए जरूरी होता है जाना। तिमंजले घर मे चार किरायेदारों के परिवार के साथ अकेली ही जीवन बीता रही हैं। सुबह 11 बजे बैंक पहुँच गयी। पूछताछ करने के बाद एक युवक अपने … Read more

रिश्ते -परीक्षा /प्रतियोगिता ?? – ज्योति अप्रतिम

धूमधाम से शादी हो गई । जेठानी और देवरानी  दोनों की बहुएं एकसाथ रुनझुन करती अपने घर में आ गईं। करीब – करीब सभी मेहमान विदा ले चुके थे पर घर की सभी बहन बेटियां अभी यहीं थीं। आज बहुओं की पहली रसोई थी ।एक बहू सूजी का हलवा बना रही थी औऱ दूसरी चावल … Read more

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