‘ अन्न का आदर करना भी संस्कार है ‘ – विभा गुप्ता
मेरे पति के बाॅस की पत्नी हमेशा अपना और अपने बच्चों की बड़ाई करतीं और मेरे बच्चों को नीचा दिखाने की कोशिश करती रहतीं थीं। एक दिन उन्होंने हमें अपनी शादी की सालगिरह पर डिनर के लिए इन्वाइट किया।डिनर शहर के नामी रेस्तरां में था।इच्छा न होते हुए भी मुझे वहाँ जाना पड़ा। एक टेबल … Read more