मोह मोह के धागे – दीपा माथुर
मम्मी जी ,पापा जी को सुबह सुबह चाय की प्याली पकड़ाते हुए छवि बोली ” मम्मी जी आज छोले भटूरे बना लू?” मम्मी जी ने नाक भो सिकोड़ कर कहा “ अब हमारी उम्र तो चटखारे लेने की है नही। सिंपल सी घीया की सब्जी और रोटी बना लो। वैसे भी छोलेभटूरे में तेल बहुत … Read more