एक बार फिर (भाग 26) – रचना कंडवाल : Moral stories in hindi

शेखर प्रिया को बताता है कि उस पर अटैक उसकी एक्स गर्लफ्रेंड रिनी खन्ना के भाई विक्रांत खन्ना ने करवाया था और वह कह रही थी कि उसके पास कुछ ऐसा है जो वो तुम्हें दिखाएगी। कुछ ऐसा जिसके बारे में किसी को पता नहीं है। डिनर के बाद जब शेखर और प्रिया वापस रूम … Read more

लड़के वाले (भाग -10) – मीनाक्षी सिंह : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : जैसा कि अभी तक आप सबने पढ़ा कि नरेशजी अपने बड़े बेटे उमेश के लिए लड़की शुभ्रा को देखने भुवेश जी के यहाँ आयें हुए हैं… सभी लड़के वालों को शुभ्रा पसंद आ जाती हैं… नरेशजी लड़की वालों को बुलाकर बात करने ही वाले होते हैं तभी उमेश कहता हैं… … Read more

अपराधबोध – बालेश्वर गुप्ता: Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : भाई, तुमने अपने कदम पीछे क्यूँ खींच लिये थे,तुम तो मुझे बचाने चले थे,फिर क्या हुआ?काश मुझे हॉस्पिटल ही पहुँचा देते।मेरे परिवार का क्या होगा?       हड़बड़ा कर रमेश की आँखे खुल गयी।पसीने से तरबतर रमेश असहजता से उठ बैठा।सपने में दिखाई देने वाले व्यक्ति को वह पहचान गया था।उसको डर … Read more

होनहार बेटा – पूनम अग्रवाल

राम आज बहुत खुश हैं , खुश हो भी क्यों न ?आज उसके माॅं बापू गाॅंव से बंगलौर आ रहे हैं । अभी तीन महीने पहले की ही तो बात है जब उसने कामनी के साथ सात फेरे लेकर उसे जीवन संगिनी बनाया था । माॅं भी बहुत खुश थी ।शादी का सारा काम दौड़ … Read more

बात में दम तो है – पूर्णिमा सोनी : Moral Stories in Hindi

श्रुति कालेज से लौटी तो पता चला लड़के वाले आ चुके थे। मम्मी -पापा  उनकी खातिरदारी का काम अकेले ही संभाल रहे थे। भाभी कमरे में बंद थी… जानबूझकर.. हां उनका व्यवहार कुछ ऐसा ही था, परिवार में कोई भी काम पड़े,कमरा बंद करके पड़ी रहती थी।    मम्मी कहती थी कि पहले बेटे का ब्याह … Read more

तिरस्कार – पुष्पा पाण्डेय 

किसन कार्यालय से घर जा रहा था। अपने काम से ड्राइवर ने एक दुकान पर गाड़ी को थोड़ी देर के लिए रोक दिया। गाड़ी में बैठे किसन की नजर एक ठेले की दुकान पर अटक गयी। ठेले पर लिखा था कि ‘यहाँ चावल की रसमलाई मिलती है।’  किसन को जैसे एक झटका सा लगा और … Read more

शास्त्री जी- विभा गुप्ता: Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : हमारी कॉलोनी में एक पंडित जी रहा करते थें,नाम था उनका शशिभूषण शास्त्री।सभी उन्हें शास्त्री जी कहकर पुकारते थें।अगर किसी ने उन्हें गलती से भी पंडित जी कह दिया तो फिर वो उसका ऐसा भविष्य बता देते थें कि… कॉलोनी में जिसे भी पूजा करानी हो,मुंडन-संस्कार कराना हो, विवाह-कार्य करवाना … Read more

मायका – मुकेश कुमार सोनकर: Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : “सुनो जी मैं कहे देती हूं बहनों के प्यार में अंधे होकर अपनी कमाई को यूं पानी की तरह बहाने की कोई जरूरत नहीं है कुछ अपने बीवी बच्चों का भी सोचा करो ये मेरे पास साड़ियां रखी हुई हैं इसे ही अपनी बहनों को देकर तीज त्यौहार की बला … Read more

वक्त का फेर- पुष्पा पाण्डेय : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : बंद घर में आज रौशनी देख विनायक परिवार को खुशी हुई कि चलो, अब पड़ोस में कोई आया। जब से विनायक जी यहाँ आए थे ये घर बंद ही पड़ा था। पड़ोसी धर्म निबाहने पति-पत्नी उनके घर गये। पता चला सेवानिवृत्त कर्नल हैं। पत्नी जवानी में ही अलविदा कह गयी। … Read more

अपनों की अहमियत – संगीता अग्रवाल 

ये क्या खुशी और अथर्व तुम दोनों फिर फोन में लग गए हो !” तृप्ति ने अपने दोनों बच्चों से कहा। ” और क्या करें मम्मा स्कूल की छुट्टियां है कुछ काम नहीं करने को तो फोन ही चलाएंगे ना !” बारह साल का अथर्व बोला। ” और नहीं तो क्या !” दस साल की … Read more

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