सारे दर्द औरत को ही क्यूँ ???? – मीनाक्षी सिंह

विन्नी – मम्मा ,बहुत दर्द हो रह हैँ पेट में ,पेट के आस पास और कमर में ! लग रहा हैँ मर जाऊंगी ! कुछ तो करो मम्मा ! सीमा (13 साल की विन्नी की माँ ) – कोई बात नहीं बेटा ,अभी तुझे गरम दूध दे दूँगी ! पी लेना आराम मिल जायेगा ! … Read more

भाभी हैं न देख लेंगी – के कामेश्वरी

नर्मदा की शादी राजेंद्र के साथ तब हुई जब उसकी उम्र अठारह वर्ष की थी । पिताजी घुमक्कड़ प्रवृत्ति के थे इसलिए दादा दादी और चाचा लोगों ने मिलकर उनकी शादी जैसे तैसे कर दी कहने के बदले हम कह सकते हैं कि निपटा दी । ससुराल में तीन देवर चार ननदों के बीच उसके … Read more

” एक परिवार ऐसा भी ” – संगीता अग्रवाल : Moral Stories in Hindi

शादी के दिन जैसे जैसे नजदीक आ रहे थे वैसे वैसे सलोनी का मन घबरा रहा था। कारण था ससुराल का संयुक्त परिवार जबकि मायके में सलोनी के पापा की ट्रांसफर वाली जॉब होने के कारण सलोनी एकल परिवार में ही पली बढ़ी थी। ” सलोनी क्या सोच रही है यूं अकेले बैठे ?” एक … Read more

जलील – डाॅ संजु झा : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : कभी-कभी अपनों की भावनाओं की परवाह न कर उन्हें जलील करने की  इंसान  की फितरत बन जाती है।जब उसे अपनी गल्ती का एहसास  होता है,तब उसके पास पश्चाताप के सिवा कुछ नहीं बचता है।मुझे(सूरज)  अपनी गल्ती का एहसास तब हुआ, जब मैं जीवन-मरण के बीच संघर्ष कर रहा था।मेरे जीवन … Read more

बचपन की कुंठा – स्नेह ज्योति : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : रॉय साहब के घर बहुत सालों बाद बेटी पैदा हुई थी । पिछली चार पुश्तों से उनके घर लड़के ही पैदा हो रहे थे । इसलिए जब उनके घर बेटी हुई तो उसके होने की ख़ुशी पूरे परिवार ने बड़ी धूम धाम से मनाई । जब भी चारुलता अपनी बेटी … Read more

सत्यमेव जयते – सीमा प्रियदर्शिनी सहाय : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : “सुलभा..!,आज जरा ज्यादा देर तक रुक जाना।थोड़ा खाना बनाने में मदद कर देना और बरतन समेटने में भी।”सौम्या की आवाज ने सुलभा को चौंका दिया। वह चौंक कर अपनी मालकिन सौम्या को देखने लगी। “क्या हुआ सुलभा…?ऐसे क्यों देख रही हो?”सौम्या ने पूछा। “मैडम जी,आज कुछ खास है क्या?” सुलभा … Read more

** बिरादरी की जूठन **  : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : पंच आपस में विचार- विमर्श करने के उपरांत दिलीप को बीच का मार्ग समझा रहे थे। लेकिन दिलीप अपनी जिद पर अड़ा था कि वह अपनी पत्नी पूनम के साथ  किसी प्रकार का सम्बन्ध न रखते हुए उसे अपने घर में नहीं रखेगा।    पूनम पंचों, ग्रामीणों के साथ ही … Read more

करनी का फल ‘ – विभा गुप्ता 

  ” प्रिया,मेरा लंचबाॅक्स दो “     ” मम्मी, मेरा टिफ़िन बाॅक्स “          ” बहू, मेरी मालिश करने वाली तेल की शीशी कहाँ है?”          सुबह उठते ही प्रतिदिन इन आवाज़ों को सुनने की मेरी आदत-सी हो गई थी।दरअसल ये आवाज़ें मेरी पड़ोसिन शर्मा आंटी के घर से आती थीं।उनके घर में उनके पति ,एक बेटा और बेटे … Read more

रिश्तों के बीच कई बार छोटी छोटी बातें बड़ा रुप ले लेती है….- मीनाक्षी सिंह  : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : देखो तो सही माधुरी जीजी तुम्हारी बहुरिया कैसे चूर्मा के ल्ड्डू खुद खा रही हैँ और बच्चे भी खा रहे … तुम्हे तो देखने तक ना दिया… बाहर चबूतरे पर बैठी बगल वाली चाची अनु की सास माधुरीजी से बोली…. वो उसके पीहर से उसका डोकरा (पापा) लाया हैँ…. यहीं … Read more

पिता का प्रेम सौभाग्य से मिलता है। –  अर्चना खंडेलवाल

पापा मेरा परीक्षा परिणाम आ गया है, और अब मुझे आगे की डिग्री लेने विदेश जाना है, वहां बहुत अच्छे कॉलेज हैं, वहां से अगर मैंने एमबीए की डिग्री ले ली तो मेरा भविष्य बन जायेगा, नितिन ने उत्साहपूर्वक कहा। तभी विदेश जाने की बात सुनकर सावित्री जी चौंक गई, बेटा क्या तेरी ये पढ़ाई … Read more

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