पापा तुम कहाँ हो – अलका प्रमोद : Moral Stories in Hindi

बाहर ज़ोरों की आँधी आई थी मानो टीन और छतों को सामना करने के लिए ललकार रही हो। खिड़की की झिर्री से प्रवेश करती वायु विचित्र-सी सीटी के समान ध्वनि उत्पन्न कर रही थी, कि तभी आँधी के कारण बिजली चले जाने से वातावरण और भी रहस्यमय हो उठा। इतने बड़े घर में एकाकी बैठे … Read more

श्यामली – उत्कर्ष राय : Moral Stories in Hindi

श्यामली ने काँपते हाथों से अँगूठी को उठा लिया उस पर जड़ा छोटा सा हीरा, अपनी चमक से अंधेरे कोने को दमका रहा था। श्यामली बार बार अँगूठी को देखे जा रही थी। पता नहीं कब बीते हुए दिनों की याद चल चित्र के समान आँखों के आगे उतरने लगी। “मैडम मैडम क्या आज मुख्य … Read more

मुझे माफ कर दो – अर्चना कोहली ‘अर्चि : Moral Stories in Hindi

“पापा आपको याद है न, शनिवार को मेरे कॉलेज का वार्षिक उत्सव है। मैंने भी लघुनाटिका में भाग लिया है। आप समय पर पहुँच जाना और हाँ उसके लिए आप नीले रंग का सूट ही पहनना । उसमें आप बहुत स्मार्ट लगते हैं।” तुषार ने पिता प्रकाश से कहा। “मस्का।” प्रकाश ने हँसते हुए कहा।    … Read more

भाभी मां – सीमा गुप्ता : Moral Stories in Hindi

“ये भाभी भी ना! … अब क्यों मुझे बार-बार फोन कर रही हैं? बाइक की चाबी भाभी को सौंप तो दी है! अब क्या चाहती हैं कि मैं हमेशा उनका गुलाम बनकर रहूं जैसे मेरा कोई अस्तित्व ही ना हो?” चिढ़ते हुए मैंने भाभी का फोन काटकर मीनू को फोन मिला दिया। पर यह क्या? … Read more

आप अपना देखिये – विभा गुप्ता : Moral Stories in Hindi

   ” मालती…बहू को इतनी छूट मत दे..उस पर नकेल कस..।” विवाह के अगले दिन ही नई-नवेली बहू को सलवार- कमीज़ पहने देख मालती की जेठानी की त्योरियाँ चढ़ गई थी।मालती बोली,” दीदी..नकेल क्यों…बहू भी तो हमारी बेटी ही है ना..।इतनी गरमी में जब हम सभी आरामदायक कपड़े पहने हैं तो बहू क्यों नहीं..। कहकर उसने … Read more

अपमान – मीनाक्षी सिंह : Moral Stories in Hindi

चलिए ना … जल्दी तैयार हो जाइए… पूरे 2 साल बाद जा रहे हैं… अपने बहू बेटे  के घर … आखिर हमारा पोता  जो आया है खुशियां लेकर … मुझे तो बहुत खुशी हो रही है … इतना दूर रहते हैं सब… अस्पताल में पहली  झलक भी  नहीं देख पाई अपने पोते की… लेकिन अब … Read more

Top Ten Shorts Story in Hindi – हिन्दी लघुकथा

#शब्द: #अहंकार – डॉ आभा माहेश्वरी “अरे अहंकार तो रावण का भी नही रहा ,” दादी चिल्ला रहीं थी और मुग्धा  निस्तब्ध खड़ी थी।शहर की जानीमानी डाक्टर मुग्धा से आज एक माँ और बच्चे की मौत होगई। प्रतिष्ठित गायनी डाक्टर अपने पेशे में सिद्धहस्त और उसे अहंकार भी था अपनी काबलियत पर।आजतक कोई भी क्रिटिकल … Read more

भाभी – डॉ आभा माहेश्वरी : Moral Stories in Hindi

“अम्मा— देखो ना हमारी भाभी कितनी सुन्दर है– भगवान ने हमें भाभी के रूप में सुन्दर उपहार दिया है– अम्मा– हम सब भाई बहन भाभी को बहुत प्यार करेंगें,” सुनंदा कहे जा रही थी अपनी अम्मा से।आठ साल की छोटी सी बच्ची– लेकिन उसे अपनी नवब्याहता भाभी बहुत अच्छी लगीं।और भी भाई बहन थे लेकिन … Read more

ननद को भी भाभी की जरूरत होती है। – चाँदनी झा : Moral Stories in Hindi

मधु, कुटिली मुस्कान के साथ,….सोचती है। मुझे ऐसे क्यों भाभी इग्नोर(अनदेखा) करेगी। मैं भला कभी क्यों मायके में रहूंगी? पर आज रंजू के दिल से निकली बददुआ, सच हो गयी माँ। माँ ये मेरे ही कर्मों का फल है, मेरे अहंकार, और मन में भरी कुलिष्ता का बदला है। मैंने रंजू का दिल दुखाया था, … Read more

भाभी – विधि जैन : Moral Stories in Hindi

सुनंदा की जब शादी हुई थी घर में सास ससुर और एक छोटा देवर था देवरा चंचल स्वभाव का था छोटा कम से कम 10 साल छोटा था बहुत जिद्दी प्रवृत्ति का था हर समय घूमना फिरना मौज मस्ती करना फिल्म देखना जब उससे कुछ बात करो तो उसको बहुत चिड़ होती थी उसको कोई … Read more

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