तूलिका – भगवती सक्सेना गौड़ : Moral Stories in Hindi
तूलिका ने जैसे ही फेसबुक खोला, फिर वही महाशय जी का फ्रेंड रिक्वेस्ट देखकर परेशान हो गयी। एक महीने से वो नजरअंदाज कर रही थी, पर वो शख्स मानने को तैयार ही नही थे। आखिर उसने सोचा चलो, एक दिन के लिए उसकी बात मान लेती हूँ, क्या कहना चाहता है, फिर ब्लॉक कर दूंगी। … Read more