“सुकून” – ममता चित्रांशी : Moral Stories in Hindi
आज तो आपको बताना ही पड़ेगा दीदी …आप क्यों हमेशा चुप-चुप सी रहती हो ?? नीरा ने पूछा कहां….!!, मैं बोलती तो हूं, तुम को ऐसा क्यों लगता है कि मैं बात नहीं करतीं, झूठी सी हंसी हंसते हुए,जिठानी रजनी ने कहा …और एक प्यारी सी चपत नीरा के गाल पर लगा दी ….!! नीरा … Read more