ढलती सांझ – माधुरी गुप्ता : Moral Stories in Hindi
निरंजन जी आज काफी दिनों के बाद हल्का महसूस कर रहे थे, क्योंकि तकरीबन एक साल के बाद आज उन्होंने बैडमिंटनखेला था,वह भी अपने बेटे जैसे किराए दार अनूप के साथ। बर्ना तो पत्नी सुहासिनी के जाने के बाद तो उनकी जिंदगी एकदम बीरान सी हो गई थी।बस हरदम अकेले घर में अपने कमरे में … Read more