दूसरा मायका – रीटा मक्कड़

“अरे वाहः रीना आज तो बड़ी प्यारी लग रही हो”  रक्षाबंधन वाले दिन मैं अपने मायके से वापिस आयी ही थी कि रीना मुझे बाहर ही मिल गयी। चटक हरे रंग के लहंगा चोली और मांग टीका लगाए सजीधजी आज तो वो बिल्कुल अलग और बहुत सुंदर दिख रही थी। ‘हांजी आंटी मैं भी अभी … Read more

लहरों के मानिंद… – संगीता त्रिपाठी

कुछ रिश्ते ऐसे होते जिन्हे हम कोई नाम ही नहीं दे पाते। कभी लगता अच्छे दोस्त हैं, तो कभी कुछ और.. पर दिल संतुष्ट नहीं होता, ना ही उस रिश्ते को छोड़ना चाहता, यानि दिल का रिश्ता, जो किसी नाम, उम्र और जगह या बंधन का मोहताज नहीं होता। सुहानी और जतिन का रिश्ता भी … Read more

“तो फिर वकील साहब को बुलाया जाये ?” – अनुज सारस्वत

5 साल बाद अंकिता और उसकी सहेलियां एक पार्टी में मिली, सब एक दूसरे से मिलकर खुश हुई ,फिर वही हुआ जो लेडीस गैंग के मिलने पर होता है, दो परसेंट अच्छाई की बातें फिर  98% निंदा रस से भरी खीर सब चाव से खाते हैं, निष्कर्ष कुछ नहीं होता है , सबने अपने-अपने पतियों … Read more

जूही – डॉ पारुल अग्रवाल

आज अविनाश आखों के बहुत ही सफल डॉक्टर बन चुका है, देश-विदेश में बहुत ही प्रसिद्ध है। बहुत सारे लोगों को उसने इस खूबसूरत दुनिया दिखाने में सफलता प्राप्त की है। आज वो अपने केबिन में थोड़ा आराम से बैठा ही क्योंकि आज मरीजों की संख्या काफी कम थी। इतने में उसे रिसेप्शन से कुछ … Read more

चौकीदार दादा – गुरविंदर टूटेजा

   रिया अपने आठ वर्ष के बेटे अंश को गुस्सा कर रही थी…पैसे कहाँ है अंश जो तुम्हें पापा ने खर्चे के लिये दिये थें…??      अंश बोला…मम्मा खर्चें के थे खर्च हो गये…!!    कहाँ किये तुमने खर्च…दिख तो नहीं रहा कि तुमने कुछ लिया हो…!!    रिया ने बहस नहीं की और नमन से बात करने का … Read more

दिल का रिश्ता जिंदगी के साथ भी जिंदगी के बाद भी – अनुपमा

राहुल अपने कॉलेज के जमाने से ही लड़कियों के बीच बहुत मशहूर था , दिलफेंक आशिक के नाम से ,ऐसी कोई लड़की नहीं थी जिस पर उसका दिल न आया हो , सभी लड़कियां ये जानती थी तो कोई भी कभी सीरियस वाली उसकी गर्ल फ्रेंड बनी भी नही । अब तो राहुल की शादी … Read more

खुशी का रंग  –   रीता खरे

     सावन माह के आगाज के साथ ही प्रकृति के हरित रंग में रंगते ही पर्णिका के चेहरे ने हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी उदासी की चादर ओढ़ ली थी , सारी सखी सहेली हरी हरी चूड़ी पहनें , हाथों और पैरों में मेंहदी रचा कर अपने अपने मायके  सावन तीज मनाने ,भाई को … Read more

*अनमोल तोहफ़ा* – नम्रता सरन “सोना

“अनु बेटा, ये तेरे लिए , मेरा प्यार” कहकर चाची ने तमाम ज़ेवरों से लदी अनूराधा के गले में जड़ाऊ हार पहनाते हुए कहा। “चाची, ये क्यों? आपने मम्मी के सारे ज़ेवर मुझे दे तो दिए हैं और चाचा ने तो और भी कई सारे गहने दिए हैं, चाची, राजे का विवाह भी अभी होना … Read more

जीवन के अनोखे रंग – गीता वाधवानी

आज होली है। शिल्पा रसोई में प्याज और पनीर के पकोड़े तल रही है। उसके एक हाथ में बेसन लगा है और एक हाथ में कड़छी, तभी पीछे से उसके पति संजीव ने दबे पांव आप पर उसके दोनों गालों पर गुलाल लगा दिया।      शिल्पा में झूठा गुस्सा दिखाते हुए उसे प्यार से डांट दिया … Read more

दिल का रिश्ता – मीनू जायसवाल

यू तो सभी रिश्ते ईश्वर ने तय करके हमे इस दुनिया मे भेजा है जैसे माता पिता, भाई बहन इसी तरह ओर भी रिश्ते है जो पहले से तय है, बस एक रिश्ता है जो हम बनाते हैं वो है दिल का रिश्ता या यूं कहो कि दोस्ती का रिश्ता ….. 19 साल पुरानी बात … Read more

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