एक पोस्टकार्ड – मुकुन्द लाल
मैं हवाई अड्डा के वेटिंग रूम में फ्लाइट का इंतजार कर रहा था। मेरा पुत्र सरकारी सेवा में कार्यरत था। हाल ही में प्रमोशन मिलने के कारण वह अपने विभाग में सुपरिटेंडेंट बन गया था। तरक्की मिलने के बाद पहली बार वह घर आ रहा था। वहांँ पर गमलों में रंग-बिरंगी फूल खिले हुए थे, … Read more