आज तो तूने मेरी माँ बन कर दिखा दिया बिटिया – निभा राजीव “निर्वी”

“अरे आप भी ना….आप अभी तक निमंत्रण पत्र बांटने नहीं निकले…. अखबार आता नहीं है कि हाथ धोकर उसके पीछे पड़ जाते हैं…. जल्दी जाइए ना! मुझे भी परिधि को लेकर गहनों की दुकान पर जाना है। कितने सारे काम पड़े हैं अनिकेत को भी साथ ले लीजिए, थोड़ी मदद होगी!”…. गीता जी ने स्नेहपूर्ण … Read more

 मन की सच्ची खुशी – गीता वाधवानी

अतुल और उसके पिता नवीन और उसकी मां रोशनी शहर में रहते थे। अतुल के दादा दादी गांव में रहते थे। गांव में उनका बहुत बड़ा घर था और बहुत सारे खेत भी थे। अतुल के दादाजी बहुत दयालु थे। वह किसी भी मुसीबत में गांव वालों का हर संभव साथ देते थे और गरीब … Read more

 पांच अनोखी बहुएं – सरगम भट्ट

चंपा , माया,  नेहा , दुर्गा, रानी (पांच बहुएं )कहां हो सब के सब अरे बाहर तो आओ हम खुशखबरी लेकर आए हैं हमें तो 10 दिन के लिए तुम सब आजाद हो, जितना जी में आए कर लेना मनमौजी और मनमानी अब मेरे रहते तो हो नहीं पाता। रानी – मन ही मन वो … Read more

सपनों की कोई उम्र नहीं होती – गीतु महाजन : best hindi kahani

“माँ ,जल्दी करो ,देर हो जाएगी।” “हाँ हाँ  आ रही हूँ,” बेटे की आवाज़ सुनते ही मेरे हाथ तेज़ी से चलने लगे।पूजा करती हुई मेरी सासु माँ ने भी जाने का इशारा किया और मैं बैग पकड़ती हुई तेज़ी से बरामदा पार करती हुई बाहर पहुंची जहाँ वह कार में बैठा मेरा इंतजार कर  रहा … Read more

 भाई हो तो ऐसा !! – रिंकि श्रीवास्तव

“बच्चों तुम लोग परेशान  ना हो , पापा जल्दी ठीक हो जावेंगे” ! शारदा  अपनी जेठानी के बच्चों को को दिलासा दे रही थी | शारदा की जेठानी के बच्चों  का रो -रोकर बुरा हाल था ,उनके पिता रामशरण की तबीयत बहुत खराब थी ,डॉक्टर ने जवाब दे दिया था कि यहाँ गाँव में इनका … Read more

एक किरण रोशनी की – मृदुला कुशवाहा

  बच्चालाल मजदूरी करके घर वापस आया था। उसके घर में प्रवेश करते ही रोशनी पानी लेकर आ गई थी। बच्चालाल थका हुआ था। बेटी को इस तरह देखते ही उसकी आंखों में आंसू आ गए। उसने भावविह्वल होकर कहा – “बिटिया, तू मेरी माँ है या बिटिया? आँखों से अंधी है, फिर भी मेरा … Read more

प्रायश्चित – प्रियंका त्रिपाठी’पांडेय’ : Moral stories in hindi

सुबह सुबह फोन की घंटी बज रही थी.राजन राधिका से कहता है.उठो..जाओ देखो किसका फोन है.नही मुझे सोने दो..जाओ तुम देख लो.अरे इतनी सुबह किसका फोन आ गया..राजन फोन उठाता है..”हैलो” उधर से आवाज आती है बेटा मैं मम्मी बोली रही हूं. आज शहर आई थी कुछ काम से काम तो पूरा हो गया सोचा … Read more

मेरे बच्चे माडर्न हैं – पुष्पा ठाकुर

रोहित – राशि तुम दीदी को देखने नहीं जा रही हो?उनकी तबीयत बहुत खराब है , तुम्हें जाना चाहिए। रोहित ने अपनी पत्नी से कहा। राशि – मन तो है रोहित लेकिन तुम्हें तो पता है न दीदी की आदतें….बात बात पर माडर्न होने का दंभ ……. खराब तबीयत में भी सेल्फी लेकर डालती होंगी,उनका … Read more

गुरु दक्षिणा, – सुषमा यादव

मैं उस समय एक हायर सेकंडरी स्कूल में पदस्थ थी, एक दिन मैं अपनी कक्षा से छात्रों को पढ़ा कर आफिस में जैसे ही आई, सन्नाटा पसरा हुआ था, पूरा स्टाफ मुझे देखने लगा, मैंने सबका चेहरा पढ़ा और बोली,भई, क्या बात है, कोई भूत देख लिया क्या,, मुझे देख कर सब ख़ामोश हो गये … Read more

मुज़रिम –  मुकुन्द लाल 

 वैद्य दिवाकर जी की उम्र जब करमपुर में वैद्यगिरी करते-करते ढलने लगी तो बीस वर्षों के बाद अपने गांव लौट आये। गांव में एक नया जीवन आ गया, छोटे से गांव में दिवाकर जी की बहुत इज्जत थी। इनके गांव में आने के पहले साधारण रोगों के लिए भी शहर दौड़ना पड़ता था।   वैद्यजी उदार … Read more

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