आत्मसम्मान को जिंदा रखना है – नीतिका गुप्ता
टाई खो दीं तुमने मेरी , मैंने परसों रात को सोफे पर रखी थी लेकिन तुम से कुछ नहीं होता टाई उठाकर नहीं रखी जाती है जगह पर ,एक काम ठीक से नहीं होता तुमसे, घर के काम भी नहीं संभाले जाते चीजें भी ठीक से नहीं रखी जाती बस सारा दिन पड़े पड़े सोते … Read more