खडूस पति – संध्या त्रिपाठी : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : प्रतिदिन की भांति उस दिन भी अनन्या शाम को झूले में बैठकर समीर के ऑफिस से आने का इंतजार कर रही थी… वो सोच रही थी रोज-रोज बस वही एक ही दिनचर्या , कभी-कभी जिंदगी में एक ही दिनचर्या से ऊब सी गई हूं ।           तभी अनन्या ने सोचा… आज … Read more

रिश्तों पर ऐसा इल्ज़ाम ना लगाओं….- रश्मि प्रकाश : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : “बाबूजी आज तो आपने हद ही कर दिया…आपकी ऐसी हरकतों की वजह से ही कुंती परेशान रहने लगी है…अरे वो तो आपकी बेटी जैसी है और आप…. आपने तो रिश्ते को ही अपमानित कर दिया..भला कोई पिता समान ससुर बहू के साथ… छिः छिः।”“ बेटे किशोर के मुँह से ऐसी … Read more

खून खौलना – सरोज माहेश्वरी : Moral Stories in Hindi

अरे कमली! तूने में मेरा सोने का हार देखा ,कल रात मैंने शादी से वापस आने के बाद टेबिल के ट्रॉवर में रखा था… कमली बोली – नहीं मैडम! मैं तो सुबह से रसोई में काम कर रही हूं बेटे शुभम् को स्कूल भेजने के बाद रुपाली ने पूरा घर छान मारा कहीं भी हार … Read more

अधिकार – बालेश्वर गुप्ता : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : सेठ रामकिशोर जी एवं गायत्री के एक ही बेटा था।एकलौता होने के कारण रामकिशोर जी उसका नाम रखा था चिराग यानि परिवार का चिराग।माँ पिता चिराग को बेहद प्यार करते।एक बार चिराग को बुखार जो हुआ गायत्री तीन दिन तक सोयी ही नही बस चिराग को गोद मे लिये बैठी … Read more

काश! तू उस दिन मेरा दुख समझ जाती- बीना शर्मा : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : ” मम्मी जी खाना दो ना” स्कूल से आकर रिचा ने अपनी मम्मी पूनम से खाना मंगा तो पूनम ने सुबह की बनी हुई रोटी रिचा को दी तो रिचा सुबह की ठंडी रोटी देखकर मुंह बनाते हुए बोली “मम्मी! जी मुझे गरम रोटी बना कर दो सुबह की ठंडी … Read more

एक बार फिर (भाग 33 ) – रचना कंडवाल : Moral stories in hindi

रिनी खन्ना प्रिया से मिलने के लिए मीटिंग और जगह फिक्स करती है ‌परन्तु प्रिया मना कर देती है। अब आगे- रिनी और विक्रांत खन्ना ऑफिस में बहस कर ही रहे थे कि रिनी का फोन बज उठा। शेखर की कॉल थी। हैलो! तो उसने तुम्हें बता दिया कि मैं उससे मिलने का सोच रही … Read more

अनजाना डर – संगीता त्रिपाठी : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : “माँ तुम अब बदल गई, पहले जैसी नहीं रही…!!”बेटी कली बोली जो भाई की शादी के बाद कुछ दिनों के लिये मायके आई थी…। कनक बेटी की बात सुन सोच में डूब गई, फिर बोली “तुम्हे ऐसा क्यों लगा “…।     “माँ, पहले जो हर गलत बात के लिये भिड़ जाती थी, … Read more

लड़के वाले सीजन -2 (अंतिम भाग) – मीनाक्षी सिंह : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : सगाई स्पेशल जैसा कि आप सबने अभी तक पढ़ा कि शुभ्रा और उमेश की आज सगाई हैँ….. कामिनी मैडम की सच्चाई सबके सामने आ चुकी हैँ…. उनको जेल भेज दिया गया हैँ…. उमेश और उसके दोस्त पैकिंग कर रहे हैँ… आज वो सब अपने ज़िगरी दोस्त उमेश की सगाई में … Read more

लड़के वाले सीजन -2 (भाग -17) – मीनाक्षी सिंह : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : जैसा कि आप सबने अभी तक पढ़ा कि शुभ्रा और उमेश की 16 तारीख को सगाई हैँ…. दोनों का प्यार समय के साथ बढ़ता जा रहा हैँ… दादा जी भी अस्पताल से घर आ गए हैँ… उमेश घर के लिए निकलने वाला हैँ… उसके दोस्त उसे मेंस पारलर लेकर आयें … Read more

लड़के वाले सीजन -2 (भाग -16) – मीनाक्षी सिंह : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : जैसा कि आप सबने अभी तक पढ़ा कि अब शुभ्रा के दादा नारायण जी ठीक हो चुके हैँ… पर अभी तक वो पूरी तरह से स्वस्थ नहीं हैँ… उन्हे दो दिन और अस्पताल में रहना होगा पर दादा जी रहना नहीं चाहते… सभी लोग यह जान बहुत खुश हैं कि … Read more

error: Content is protected !!