गोरे रंग पे ना इतना गुमान कर – रत्ना साहू
सौम्या! हां सौम्या नाम था उसका| लंबी छरहरी एकदम गोरी-चिट्टी कमर तक सिल्की बाल तीखे नैन नक्श जो कोई एक बार उसे देखता, देखता ही रह जाता। लेकिन उसका बस नाम ही सौम्या था बाकि बोली और स्वभाव में जरा भी सौम्यता नहीं थी। तीन भाई बहनों में सबसे छोटी थी पिता बड़े बिजनेसमैन थे … Read more