अस्तित्व – रेखा सक्सेना : Moral Stories in Hindi
संध्या एक मल्टीनेशनल कंपनी में मैनेजर के पद पर कार्यरत थी। वह दिन भर ऑफिस की भागदौड़ और घर की जिम्मेदारियों में खुद को झुलसता महसूस करती, पर फिर भी हिम्मत नहीं हारती। सुबह 6 बजे उठकर बच्चों का टिफिन, सास-ससुर की दवाइयां, पति के नाश्ते की तैयारी… सब कुछ समय पर निपटाकर वह खुद … Read more