दिल है छोटा सा छोटी सी आशा–के कामेश्वरी

ओमप्रकाश के घर से आधी रात को किसी के ज़ोर ज़ोर से रोने की आवाज़ आई । जिसे सुनकर आसपास के घरों की लाइटें जल गई ।सब उनके घर की तरफ़ देखने के लिए भागे कि क्या हो गया है । वहाँ पहुँच कर पता चला कि ओमप्रकाश के घर फिर से लड़की का जन्म … Read more

बड़की अम्मा-  भगवती सक्सेना गौड़

रजनी अपनी ताईजी के गले मे हाथ डाले झूल रही थी और बोल रही थी, “सुनो बड़की अम्मा वो गाना सुनाओ न तुम बहुत बढ़िया गाती हो, वो क्या है, अबके बरस भेज…” “नही रे, बहुत काम पड़ा है, इतने दिनों बाद तो तू मेरे पास आई है, वरना, जमाई बाबू कहाँ छोड़ते हैं तुझको, … Read more

“हाई प्रोफाइल के चक्कर में ना आना”-अनिता गुप्ता

लतिका अपने कमरे में इधर से उधर टहल रही थी।उसका मन किसी अनहोनी की आशंका से बैचेन था। रह –रह कर कभी फोन को देखती तो कभी बाहर गेट की तरफ देखती। उसको मोहित का इंतजार था, जिसका कहीं अता पता नहीं था। लतिका की ऑनलाइन मैरिज ब्यूरो साइट से मोहित के साथ शादी फिक्स … Read more

अपने तो अपने होते हैं..….….. – भाविनी केतन उपाध्याय 

” किस के फोन की घंटी बार बार बज रही है मैं आप से पूछ रही हूॅं…” सरिता ने अपने पति मनीष से कहा। ” किसी का भी नहीं….” कहते हुए मनीष फोन बेड पर रख वॉशरूम में गया। तभी फिर से फोन की घंटी बजी, सरिता ने नाम में देखा कि उसके देवर रोहित … Read more

अपने तो अपने होते हैं। – पुष्पा पांडे 

नेहा के इंजिनियरिंग की पढ़ाई का अंतिम पेपर अगले हफ्ते था। काॅलेज की पढ़ाई पूरी करने की खुशी से ज्यादा दुख था कि अब वह रोज अनवय से नहीं मिल पायेगी। अनवय और नेहा दोनों एक दूसरे से बहुत प्यार करते थे। अपने जीवन साथी के रूप में वे किसी दूसरे की कल्पना भी नहीं … Read more

“बेटी अपनी तो बहू भी अपनी” – ऋतु अग्रवाल

 “सिमरन, ले ये पाँच हजार रुपए। तू अपने और बच्चों के कपड़ों के लिए रख ले और हाँ, जब मैं सबके सामने तुझे विदाई दूँगी तब इन रुपयों का जिक्र मत करना। उन रुपयों में यह पाँच हजार रुपए मिलाकर कुछ अच्छा सा ले लेना।” आशा जी ने सिमरन को अपने पास छिपाकर रखे रूपयों … Read more

स्वार्थी माँ – स्मिता सिंह चौहान

“माँ आप क्यो ऐसा कर रही है? जरा सोचिए तो सही कि बिना किसी वजह आप अकेले रहने की जिद किये बैठी हैं। पापा तो कभी आप से कुछ कहते भी नहीं। मुझे समझ नहीं आ रहा हो क्या रहा है इस घर में। ” कहते हुए रोहन अपने पिता की ओर देखता है।  “पापा … Read more

पत्नी बनने की कीमत – सोनिया  कुशवाहा

लगभग सभी नाती रिश्तेदार औपचारिक शोक प्रकट करके जा चुके थे, अम्माँ जी की इकलौती बेटी यानि की हमारी प्यारी ननद रानी भी अम्माँ के तीजे के बाद जाने की तैयारी कर रही थी। गुड्डू दीदी को विदा करने के बाद घर सांय सांय बोल रहा था। अम्माँ जी की खटिया उनका सामान सब ऐसा … Read more

शादी हुई है कोई सौदा नहीं!! – सुषमा तिवारी

” मैं तुम्हें पहले भी कह चुका हूं, मुझे तुम्हारा इस तरह से तुम्हारे बहन बहनोई से फोन पर बातें करना बिल्कुल पसंद नहीं है.. क्या तुम्हें याद नहीं तुम्हारी बहन के पति अभय ने मेरा कितना अपमान किया था? उसके बावजूद तुम अपनी बहन से बात करती हो.. क्या तुम्हें मेरी इज्जत की इतनी … Read more

सास बिना अधूरा ससुराल – मनप्रीत मखीजा

“पापा जी, आपके लिए चाय बना दूँ!” “हअ……, नहीं अभी नहीं| “ “पर पापा जी, शाम के छह बजे हैं| आप और मम्मी जी तो साढ़े चार पर ही चाय पी लेते थे?” “मेरा चाय का मन नहीं है बहू, मैं थोड़ा टीवी देख लेता हूँ|” टीवी तो सुबह से ही चल रहा था, मगर … Read more

error: Content is protected !!