धोखा – कुमुद चतुर्वेदी
“सुनो आज फिर हॉस्पिटल से फोन आया था “पति मुकेश के मुँह से यह सुन चंदा पूरी बात सुने बिना ही बोल पड़ी”ऐँ फिर से,तो तुमने क्या कहा?”मुकेश गहरी साँस लेकर बोला”क्या कहता?चुपचाप सुनता रहा और वही फिर से कह दिया कि अभी घर पर मैं अकेला ही हूँ कृपया कुछ समय की मोहलत … Read more