कुआँ – डा. इरफाना बेगम Moral stories in hindi
बहुत ही अजीब बात है की जिस चीज़ से मैं सबसे ज़यादा ग़ुस्सा होती थी आज उसी चीज़ को अपनाया। सिर्फ अपने लिये नहीं बल्कि कई और लोंगों के लिये जिनको उसकी जरूरत थी। क्योंकि मुझे असकी जरूरत नहीं थी लेकिन उसे पाने के लिये मैने अपना अधिकार जताया। वह चीज थी एक कुआं, जिस … Read more