निर्णायक फैसला – बालेश्वर गुप्ता : Moral stories in hindi
पापा, आप यहाँ अकेले क्यूँ रहना चाहते हैं, बढ़ती उम्र है,आप यहीं मेरे पास अमेरिका आ जाओ।पापा मैं आपका एकलौता बेटा हूँ, मैं सब व्यवस्था कर दूंगा,बस आप हाँ बोल दो। नहीं बेटा, मेरा वहाँ बिल्कुल भी मन नही लगता।सबकुछ मशीन सा, न अपनी भाषा, न अपने पन का अहसास।मुन्ना जिद न कर मैं वहाँ … Read more