इंसान रूपी भगवान-मुकेश कुमार
अभी हाल ही में मैं रेलवे का परीक्षा देने अहमदाबाद गया हुआ था परीक्षा 10:00 से 12:00 बजे के बीच था। उसके बाद मेरी वापसी की ट्रेन उसी दिन 4:00 बजे थी। परीक्षा खत्म होते ही मैं जल्दी से स्टेशन की तरफ भागा सोचा पहले चला जाऊंगा तो टिकट जल्दी मिल जाएगा वरना स्टेशन पर … Read more