भ्रम…. घर की मालकिन हो तुम…..!! – भाविनी केतन उपाध्याय
नए घर की नेम प्लेट पर अपना नाम देखकर खुशी से झूम उठी गरिमा…. पर ये खुशी चंद सैकड़ों तक ही सीमित रही…. जैसे ही गरिमा सपनों की पंखों को बंद कर वास्तविकता की धरातल पर उसने क़दम रखा उसके सपने चूर चूर हो गए। आंखों में आसूं लिए अपने नाम पर हाथ फेरते हुए … Read more