सोने की अंगूठी -शिव कुमारी शुक्ला : Moral Stories in Hindi

हमनें अभी  नई काॅलोनी में शिफ्ट किया था।यह काॅलोनी पुरानी काॅलोनी से काफी दूर थी सो यहाँ सारी व्यवस्थाएं नये सिरे से करनी पड़ी। जैसे दूधवाला , पेपर वाला, कामवाली मेड ,प्रेसवाला सामान के लिए परचूनी की दूकान ।पेपर देने वाला लड़का जिसे हम गुप्ता जी के नाम  से बुलाते थे यही कोई तेइस-चौबीस वर्ष … Read more

कठपुतली – शनाया अहम : Moral Stories in Hindi

आख़िर क्यों कोई मुझे नहीं समझता , क्या मैं इस घर के लिए सिर्फ कमाई का एक साधन मात्र हूँ ??? क्या मेरे अपनी कोई इच्छा कोई चाहत नहीं है ??? यहां हर कोई मुझसे ही क्यों हर तरह की उम्मीद लगाए बैठा है ??? अपनी कुछ ज़िम्मेदारी ये सब ख़ुद क्यों नहीं उठा सकते … Read more

मेरी बेटी मेरा गुरूर – गीता वाधवानी : Moral Stories in Hindi

प्रदीप जी तैयार होकर ऑफिस के लिए निकलने ही वाले थे कि तभी उनका दोस्त रजत अचानक उनसे मिलने आ गया। उसे देखकर प्रदीप जी खुश हो गए और अपनी पत्नी रमा से बोले-“रमा, जल्दी से दो कप कॉफी बना दो।”तभी रजत जी बोले -“प्रदीप, मैं तो वैसे ही मिलने चला आया था, कॉफी के … Read more

बहू अब मेरा गुरूर टूट गया। – अर्चना खंडेलवाल : Moral Stories in Hindi

“ये क्या कैसे तैयार हुई है! तू भी ना किस फ़ूहड़ को पत्नी बनाकर ले आया है,ये एक कॉरपोरेट पार्टी है, और उसमें शगुन ऐसे जायेगी, मेरी तो नाक ही कट जायेगी, लोग कहेंगे बहू से ज्यादा तो सास मॉर्डन लग रही है, अभि इसे थोड़ी तो मॉर्डन ड्रेस दिला दे और ढंग से रहने … Read more

बेटा विदेश में है – विभा गुप्ता : Moral Stories in Hindi

 दो वर्ष पूर्व मेरा जबलपुर जाना हुआ था।पति के ऑफ़िस से मिले गेस्ट हाउस में फ़्रेश होकर पति महोदय जब अपने काम के लिये निकल गये तब मैंने अपनी सहेली मीता को फ़ोन किया।हाय-हैलो करने के बाद उसने कहा,” चल..’आंटी काॅफ़ी हाउस’ में बैठकर बातें करते हैं।” कहकर उसने मुझे लोकेशन शेयर किया और मैं … Read more

बहू का दर्द – बिंदेश्वरी त्यागी : Moral Stories in Hindi

घर के सभी सदस्यों के खाना खाने के बाद था कि हरि सोनाली अपने लिए खाना परोसने जाती है l परंतु उसने देखा रोटी के डिब्बे में दो ही रोटियां हैं और सब्जी तो बिल्कुल भी नहीं है l 3:00 बज चुके थे भूख जोर से लगी थी इसलिए वह सब्जी के बर्तन से रोटियां … Read more

परिवर्तन – डॉक्टर संगीता अग्रवाल : Moral Stories in Hindi

तालियों की गड़गड़ाहट के बीच,शारदा देवी को मंच पर बुलाया गया और उन्हें बेस्ट समाज सेविका की पदवी से सुशोभित किया गया। पिछतर वर्ष की आयु में भी वो कितने सुचारू रूप से समाज कल्याण में व्यस्त थीं,गरीब लड़कियों की सामूहिक शादी कराना,छोटे बच्चों को निशुल्क शिक्षा दिलाना उनके प्रमुख काम थे। ओ कार्यक्रम के … Read more

सुकून – करुणा मलिक : Moral Stories in Hindi

हाँ शांति….. मैं बोल रहा हूँ जयभगवान , घर में सब ठीक है ना? बापूजी कैसे हैं …..  हाँ जी…. सब ठीक है यहाँ…. आप कैसे हैं ? अब तो बस एक महीने की बात रह गई ……कब से इंतज़ार कर रहे हैं हम सब ….आख़िर रिटायरमेंट के दिन आ ही गए । बापू जी … Read more

लेखिका – दिक्षा बागदरे : Moral Stories in Hindi

#गुरुर  लेखिका आज अनिका के पांव जमीन पर नहीं पड़ रहे हैं। वह सोच रही है कि वह कहां थी और कहां पहुंच गई है।  उसने कभी नहीं सोचा था कि उसका लेखन उसे इस मुकाम पर ले जाएगा। अनिका को कहानी पढ़ने का बहुत शौक रहा है। वह बचपन से ही नंदन, देवपुत्र आदि … Read more

जिठानी का गुरूर – मंजू ओमर : Moral Stories in Hindi

लो ऐ साड़ी तुम रख लो शालू, तुम्हारे ऊपर बहुत अच्छी लगेगी पूरे सात हजार की है ।तुम तो इतनी महंगी साड़ी खरीद नहीं पाओगी कभी शालू की जेठानी ने शालू से कहा । शालू बार बार मना कर रही थी नहीं भाभी मैं नहीं लूंगी ये साडी ।अरे सिर्फ दो ही बार पहनी है … Read more

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