सच्ची श्रद्धा” – डॉ .अनुपमा श्रीवास्तवा
पंडित जी बड़े मनोयोग से पुण्य तिथी का श्राद्ध कर्म करवाने में लगे हुए थे। तर्पण की सारी व्यवस्था ठाकुर साहब के तीनों बेटों ने धूमधाम से कर रखी थी। कोई कमी नहीं रहे इसका उन्होंने खास ख्याल रखा था। पांच प्रकार के पांच पेटी फल, सूखे मेवे, पांच तरह की मिठाई, और तरह तरह … Read more