वक्त किसी के लिये रुकता नहीं. – संगीता त्रिपाठी
दर्पण के सामने बैठी मीरा, बालों में झलकती सफेदी और चेहरे की गहरी लकीरें देख हतप्रभ थी। क्या ये वही मीरा है जिसके रूप सौंदर्य पर कॉलेज के सहपाठी दीवाने हुआ करते थे।इसी रूप ने तो कॉलेज का सबसे होनहार छात्र सुयश को अपने मोहपाश में बांध लिया था।अपने जिन लंबे केश और गहरी बड़ी … Read more