दीप शिखा – पुष्पा जोशी
आज दीपशिखा बंगले में चारों तरफ रोशनाई हो रही थी। दीपावली का त्यौहार था,पिछले बरस पूरा बंगला अंधकार में डूबा था,घर का चिराग दीपेश धनतेरस के दिन, आतिशबाजी से हुए एक हादसे में,इस संसार को छोड़कर चला गया था।पूरा परिवार शोक संतप्त था,और शिखा के जीवन से तो जैसे सारे रंग ही रूठ गए थे।समय … Read more