“दोस्त या दुश्मन!” – सुनीता मौर्या “सुप्रिया” : Moral Stories in Hindi
“राज की बात कह दूँ तो जाने महफिल में फिर क्या हों?” धर्मा फिल्म की कव्वाली की ये लाईन गाते हुए शिखर हॉस्टल के रुम में दाखिल हुआ। उसका रुममेट सचिन किसी ध्यान में मग्न था…ये गाना सुनकर एकदम घबरा सा गया…जैसे शिखर उसके ही किसी गहरे राज की बात खोलने के बारे मे कह … Read more