मैं अमीर होकर भी तेरे आगे बहुत गरीब हूँ.- मीनाक्षी सिंह : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : आ गयी तुम सब… कलेजे को ठंडक मिली… कब से पापा राह देख रहे हैं… बहुत गर्मी हैं… बच्चे ठीक से तो आयें अल्का बेटा… हाँ माँ…. बस अब ठंडा पानी पिलाओ … दीदी आप भी अब गरिमा दीदी की तरह एक फोर वहीलर ले ही लो… क्यूँ जीजा जी … Read more

अब और अन्याय बर्दाश्त  नहीं  – मीनाक्षी सिंह

राजेश जी कृषि विभाग में बाबू के पद पर कार्यरत थे ! घर में पत्नी ,छह  बेटियां  और एक बेटा था ! बेटा विजय सबसे छोटा था ! बेटे की चाह में पांच बेटियां हो गयी ! वो जमाना भी ऐसा था,अगर बेटा एकलौता हो तो वंश  बढ़ाने के  लिए उसके एक बेटे का होना … Read more

बिसात – बीना शर्मा : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : “अरे दीदी आपका चेहरा क्यों लटका हुआ है क्या किसी ने कुछ कह दिया आपसे? ऊपर की मंजिल पर रहने वाली मालती अपनी जेठानी मोनिका का उदास चेहरा देखकर बोली तो मोनिका दुखी स्वर में मेज पर रखा दूध का गिलास दिखाते हुए उससे बोली” देखना कैसा पानी सा दूध … Read more

सुलझते रिश्ते – उमा वर्मा : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : दोपहर के बारह बज रहे हैं, पर अभी तक पता नहीं है—जेठानी जी का ।इनहें तो बस,बाहर जाने का बहाना मिलना चाहिए ।लगता है आज रसोई मुझे ही संभालनी पड़ेगी ।मेरे लिए तो मुसीबत खड़ी हो गई है ।थोड़ी देर और इन्तजार कर लेती हूँ ‘ बड़बड़ाती हुई नीतिका लेट … Read more

तुम छोटी बहू से इतना क्यूं जलती हो?? – अर्चना खंडेलवाल : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : अरे !! ये क्या अभी तो मैं गैस धीमी करके गई थी और ये किसने तेज कर दी, सब्जी ही जल गई, मोना का चेहरा रोने जैसे हो गया, उसने बड़े मन से सब्जी बनाई थी पर सारी फेंकनी पड़ी, वो दूसरी सब्जी बनाने जा रही थी कि हेमा जी … Read more

जलन – अर्पणा कुमारी : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : आज मेरा घर बिल्कुल दुल्हन की तरह सजा हुआ है ,और हो भी क्यों ना ?, मेरी प्यारी दी राम्या की अगले हफ्ते शादी जो है, और क्योंकि मैं उनकी इकलौती छोटी बहन हूं ,तो आप समझ ही सकते हैं -इस शादी में मेरा कितना इंपॉर्टेंट रोल है | सब … Read more

लड़के वाले (भाग – 6) – मीनाक्षी सिंह : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : जैसा कि आप सबने अभी तक पढ़ा कि नरेश जी अपने बड़े बेटे उमेश जो कि फौज में हैं, के लिए लड़की देखने भुवेश जी के घर अपने बड़े भाई साहब रमेश , पत्नी वीना और बेटों उमेश और समीर के साथ आयें हुए हैं… तभी समय ज्यादा बीतने पर … Read more

शहनाई की धुन – आशा झा सखी : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : अविरल अंतर्मुखी व्यक्तित्व का स्वामी है। उसे कहीं आना- जाना ज्यादा पसंद नहीं। पर अपने एकलौते दोस्त वैभव की जिद पर उसे उसकी बारात में शामिल होना पड़ा। जब अविरल अपने एकलौते दोस्त की शादी में डांस करते- करते थक गया तो खाना खाकर चुपचाप मंडप के नीचे बैठ गया। … Read more

 प्यार का व्यापार – बालेश्वर गुप्ता

 अरे अंकल ये तो मेरा फर्ज था।एक ही कॉलोनी में रहते हैं, एक दूसरे के दुःख सुख में काम आना तो बनता है।           बेटा काफी प्रयास के बाद भी मालिनी के ब्लड ग्रुप का ब्लड नही मिल पा रहा था,तुमने अपना ब्लड देकर हमारी मालिनी की जान बचाई है।हमारे लिये तो बेटा, तुम फरिश्ते हो। … Read more

चाह या हसद – स्नेह ज्योति : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : आज सुकन्या के लिए एक रिश्ता आया था । घर भी अच्छा था लड़का भी एक सॉफ्टवेर कंपनी में अच्छें पद पर था । लेकिन सुकन्या ने इतने अच्छें रिश्ते के लिए एक दम से मना कर दिया । उसके पापा ने उसे समझाया कि बेटा इतने अच्छें रिश्ते रोज … Read more

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