रहमत की जन्नत – ऋतु गुप्ता : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : –पहला दृश्य  आदाब  रहमत मियां क्या हाल चाल है, काम कैसा चल रहा है,घर मे सब बाल बच्चे कैसे हैं।एक लुहार का काम करने वाले रहमत मियां से उनकी दुकान पर आये उनके एक मित्र ने पूछा आदाब अब्दुल मियां अल्लाह के फजल से सब अच्छा है ,बेटे हामिद का … Read more

अंतर्मन की लक्ष्मी ( भाग – 35) – आरती झा आद्या : Moral Stories in Hindi

“मम्मी, कैसा लग रहा है आपको। हाउ आर यू फीलिंग दिनभर।” रात के खाने के बाद मुठ्ठी को माइक की तरह बनाती हुई संपदा नाटकीय अंदाज में कहती है। “फीलिंग बेटर माई डियर।” झिझकती हुई संपदा के अंदाज में ही अंजना जवाब देने की कोशिश करती है। “मम्मी बेटी की गुफ्तगू चल रही है, मुझे … Read more

आत्मग्लानि – डाॅ संजु झा : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : – आज रेखा जी स्तब्ध-सी बैठी हुईं थीं।जिस प्रकार बाँध ढ़ह जाने से पानी का बहाव और तेज हो जाता है,उसी प्रकार उनकी अंतरात्मा आत्मग्लानि के समंदर में डूबकर छटपटा रही थी।उनके अंतर्मन में इतनी आत्मग्लानि महसूस हो रही थी कि  इच्छा हो रही थी कि धरती मैया फट जाएँ … Read more

जैसे तो तैसा – डॉ संगीता अग्रवाल : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : – राघव का सारा चेहरा आंसुओं से भीग रहा था,उसे रहरह कर अपनी गलतियां ध्यान आ रही थीं पर अब उनसे बचने का कोई रास्ता नहीं था सिवाय उसके दुष्परिणाम भुगतने के। दूर आश्रम में अपने गुरुजन के सानिध्य में बैठा,गौ सेवा करता ,वो सोच रहा था कि कोई सहसा … Read more

मां की साड़ी!! – पूर्णिमा सोनी: Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : – मां बहुत ही ग्रेसफुल तरीके से साड़ी पहना करती  थी। उनके गरिमामई व्यक्तित्व की चर्चा सभी ओर थी मुझे याद नहीं कभी जल्दबाजी में भी वो अच्छे से तैयार ना हुई हों।   बालों का जूड़ा बना कर, साड़ी को सलीके  से पिनअप करके , हाथ में घड़ी लगा कर, … Read more

उलझन-एक पहलू ये भी : Moral Stories in Hindi

ढोलक की थाप पड़ते ही नई नवेली बहू शिल्पी के पैरों में थिरकन शुरू हो गई…. “मुझे आई ना जग से लाज कि इतनी जोर से नाची आज कि घुँघुरु टूट गए!” शिल्पी ने थोड़ी बहुत मान-मनुहार के बाद जो नाचना शुरू किया तो ऐसा लगने लगा मानो स्वयं स्वर्ग से अप्सरा उतर आई हो.. … Read more

उलझन-एक पहलू ये भी (भाग -1) : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : – ढोलक की थाप पड़ते ही नई नवेली बहू शिल्पी के पैरों में थिरकन शुरू हो गई…. “मुझे आई ना जग से लाज कि इतनी जोर से नाची आज कि घुँघुरु टूट गए!” शिल्पी ने थोड़ी बहुत मान-मनुहार के बाद जो नाचना शुरू किया तो ऐसा लगने लगा मानो स्वयं … Read more

आत्मग्लानि – मीनाक्षी सिंह : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : – भाभी जी आपने कहा था कि रिनी शादी में जाना हो कहीं तो मेरी साड़ी ले लिया कर पहनने के लिए…. तो आज दे दीजिये …मुझे इनके ऑफिस के दोस्त की शादी में जाना हैँ…. रिनी सकुचाते हुए पड़ोसन भाभी कमला से बोली… हां हां क्यूँ नहीं…. मैने तो … Read more

अंतर्मन की लक्ष्मी ( भाग – 34) – आरती झा आद्या : Moral Stories in Hindi

“समधन जी का स्वास्थ्य अब कैसा है बेटा।” विनया के मम्मी पापा घर में प्रवेश करते हुए पूछते हैं और उनके पीछे पीछे ड्राइवर के साथ उनका बेटा बहू कई पैकेट्स हाथ में लिए आते हैं। “आंटी, ये सब क्या है?” संध्या का चरण स्पर्श करता हुआ मनीष पूछता है। “लंच का समय हो रहा … Read more

आने वाला पल जाने वाला है – निशा जैन  : Moral Stories in Hindi

Moral Stories in Hindi : –  रोहन बेटा आजकल लेट आ रहे हो ऑफिस से ? कई दिनों से बैठे नही मेरे पास आकर रोहन के पिताजी शंभूनाथ जी ने पूछा  हां पापा आजकल  एक प्रोजेक्ट पर काम चल रहा है बस उसी मे लगा रहता हूं। अभी निकल ही रहा हूं बस ।  रोहन … Read more

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