हौसलों की उड़ान ( भाग 1) – अर्चना सक्सेना : Moral stories in hindi

moral stories in hindi : “बहुत सिर पर चढ़ाकर रखती है तू अपनी बेटी को! देखना बहू पछतायेगी किसी दिन, जब खानदान का नाम डुबोयेगी तेरी ये लाड़ली! अरे लड़की जात है, पराये घर जाना है, लड़की को यूँ सिर पे नचाना ठीक नहीं होता। हमारी भी बेटियाँ पढ़ने जाती थीं, मजाल है मोहल्ले भर … Read more

अंतर्मन की लक्ष्मी ( भाग – 39) – आरती झा आद्या : Moral Stories in Hindi

अचानक कमरे की लाइट ऑन हुई और ऑंखों पर पड़े इस प्रकाश ने विनया की ऑंखें बंद कर दी और वो चीख कर डगमगा गई, डगमगाते ही उसने खुद को बलिष्ठ हाथों में पाया। “तुम डरती भी हो, मुझे तो लगा था केवल डराती हो।” मनीष विनया को बाॉंहों में लिए उसकी कजरारी नैनों में … Read more

तलाक -रिश्ते का अंत,या फिर से शुरुआत (भाग 2)- रचना कंडवाल

वो धीरे से बोला कि सब कुछ तो तुम ले गयी नींद,चैन,खुशी सब कुछ। अच्छा चलती हूं। मयंक ने कहा थोड़ी देर बैठ सकती हो?  आस्था उसे देख रही थी,कि जब से वो आयी थी मयंक ने एक बार भी उस से नजरें नहीं हटायी थी। वो बीमार सा लग रहा था वो बैठ गई … Read more

तलाक -रिश्ते का अंत,या फिर से शुरुआत (भाग 1)- रचना कंडवाल

आस्था कोर्ट से वापस लौटी तो बहुत उदास थी आज कागज के एक टुकड़े पर एक साइन ने उसे और मयंक को हमेशा के लिए लिए अलग कर दिया था।थके कदमों से अपने कमरे में जाकर बेड पर बैठ गई। भैय्या और मां भी उसके पीछे पीछे आ गये। मां तो खामोश थीं, पर भैय्या … Read more

रिक्त स्थान (भाग 30) – गरिमा जैन

हेलो रेखा ,तुम्हारे लिए बहुत बड़ी खुशखबरी है  ।अपना व्हाट्सएप खोल कर देखो ।” रेखा जल्दी से व्हाट्सएप खोलती है। व्हाट्सएप की फोटो देखकर वह उछल पड़ती है। उसका पासपोर्ट बन गया था और वीजा अप्रूव हो गया था । उसकी हंसी सुनके जितेंद्र को ऐसा लगता है जैसे जिंदगी में उसने सब कुछ पा … Read more

रिक्त स्थान (भाग 29) – गरिमा जैन

हेलो रेखा ,तुम्हारे लिए बहुत बड़ी खुशखबरी है  ।अपना व्हाट्सएप खोल कर देखो ।” रेखा जल्दी से व्हाट्सएप खोलती है। व्हाट्सएप की फोटो देखकर वह उछल पड़ती है। उसका पासपोर्ट बन गया था और वीजा अप्रूव हो गया था । उसकी हंसी सुनके जितेंद्र को ऐसा लगता है जैसे जिंदगी में उसने सब कुछ पा … Read more

रिक्त स्थान (भाग 28) – गरिमा जैन

जितेंद्र की मां सुकून से ना जाने कितने समय के बाद आज अपने कमरे में बैठी हैं। रेखा जैसी बहू पाकर उनकी जिंदगी की सारी मुश्किलें जैसे हल हो गई। जितेंद्र ना जाने कितने सालों के बाद इतना खुश दिखाई दे रहा है ।अब उन्हें जितेंद्र की कोई चिंता नहीं। रेखा जैसी सुलझी लड़की को … Read more

रिक्त स्थान (भाग 27) – गरिमा जैन

आखिर वह पल आ गया जिस पल का इंतजार हर प्रेमी युगल करता है ।प्यार के वह पल जब दोनों एक दूसरे से दिल की बात कर सके ,मन से जैसे एक बोझ उतर जाता है। विवाह का पवित्र बंधन प्रेम का साक्ष्य प्रतीक बन जाता है ।जीतेंद्र रेखा से कहता है ” रेखा आज … Read more

रिक्त स्थान (भाग 26) – गरिमा जैन

जिंदगी से काले बादल धीरे-धीरे छटने लगे हैं आज रेखा और जितेंद्र विवाह के पवित्र बंधन में बंध जाएंगे। रेखा के चेहरे पर नूर है ऐसा नूर जो सच्चे प्यार से ही चेहरे पर आता है ।मुस्कुराहट उसके चेहरे से हटती ही नहीं। रेखा की मां सारे इंतजाम देखने में व्यस्त है ।इतने बड़े घराने … Read more

पुनर्मिलन (भाग 2) – डॉ. पारुल अग्रवाल : Moral stories in hindi

moral stories in hindi : ये सब उसका दिल दुखा जाता। जब पानी सर से ऊपर जाने लगा तब उसने अपने पति से इस बारें में बात की। पति से भी बात उसने बहुत संभलकर की क्योंकि कोई भी बेटा अपनी मां के खिलाफ़ कुछ नहीं सुन सकता। जब उसने अपनी समस्या पति के सामने … Read more

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