मैं भी इस घर का हिस्सा हूं,मुझे भी थोड़ा स्नेह पाने का अधिकार मिलना चाहिए……. – सिन्नी पांडे : Moral Stories in Hindi

संध्या दांत दर्द से कराहते हुए अपने कमरे में लेटी थी। दांत दर्द के कारण उसके आधे सर में भी दर्द था। सुबह ऑफिस जाते वक्त नितिन ने उसे चाय और ब्रेड बनाकर खिला दिया था और दवा दे दी थी। दांत में दर्द के अलावा संध्या के होंठ में अंदर की तरफ एक छाला … Read more

एक कमरा बहू का…. !! – लतिका श्रीवास्तव : Moral Stories in Hindi

…रमोला की कार आ चुकी थी और किरण अपनी ऊहापोह में अभी तक तैयार नहीं हो पा रही थी। .. भाभी भाभी ये देखो ये सूट आपके लिए लेकर आई हूं आप पर ये कलर खूब फबेगा मीतू ने कई सारे सूट के पैकेट किरण की ओर बढ़ाते हुए कहा तो किरण आश्चर्य से उसे … Read more

बीमार होने का बहाना… – रश्मि झा मिश्रा : Moral Stories in Hindi

“तुम्हारा तो रोज का हो गया है… कभी कमर दर्द… कभी पेट… कभी हाथ… आज कुछ नहीं मिला तो घुटना लेकर बैठ गई… अब मुझे तो और कोई काम बचा नहीं लगता है…  अच्छा बताओ… कितना दवा ही खाओगी…  मां… तुम ही से बोल रहा हूं… कुछ तो बोलो…!”  मां गिरिजा देवी कुछ नहीं बोलीं… … Read more

भाग्यहीन – वीणा सिंह : Moral Stories in Hindi

    मां बनकर #भाग्यहीन #होना कितने दुःख और आश्चर्य की बात है..            आंखों से गिरते आंसुओं के सैलाब को रोकने की असफल कोशिश करती मीनू फ्लैशबैक में चली गई… कितने व्रत उपवास और मन्नतों के बाद निहाल का जनम हुआ.. पांच साल तक मन्नत उतारते रहें… पत्थर पर दूब जमा हो जैसे.. सब कुछ बहुत अच्छा … Read more

“!!!! वंश !!!!” – संगीता अग्रवाल : Moral Stories in Hindi

” अरे राहुल कहाँ जा रहा है भाभीजी को लेकर इस समय !” देवेन ने अपने दोस्त को रोकते हुए पूछा । ” अरे यार एक डॉक्टर का पता लगा है जो गर्भ मे बच्चे की जांच करती है और अगर कुछ इधर उधर हो तो गर्भपात भी कर देती है तो बस तेरी भाभी … Read more

तृषा का फैसला : Moral Stories in Hindi

तृषा थकी हुई, चिंतित और खिन्न मन से अपनी माँ के पास आई थी। उसकी आँखों में गहरी उदासी थी और चेहरे पर तनाव साफ झलक रहा था। उसने दरवाजा खोला और सीधे माँ के सामने जाकर बैठ गई। उसकी माँ, मीरा जी, अपनी बेटी के इस बदले हुए भाव को देखकर चिंतित हो उठीं। … Read more

अच्छी किस्मत अच्छे कर्मों से बनती है – बीना शर्मा : Moral Stories in Hindi

“अरे दीदी आपका चेहरा कैसा उतरा हुआ है किसी ने आपसे कुछ कह दिया क्या? विमला जो आज अपनी ननद मनोरमा से मिलने आई थी ने अपनी ननद का दुखी चेहरा देखकर कहा तो वह दुखी स्वर में बोली”दीदी आप बहुत अच्छी किस्मत वाली हो कुछ दिन पहले दिन पहले जब मैं आपके घर गई … Read more

मैं तो बस मां की इच्छा बता रही हूं। – सविता गोयल : Moral Stories in Hindi

शकुन्तला जी बिलकुल जीर्णावस्था में आ चुकी थीं । सभी ने उनके बचने की उम्मीद छोड़ दी थी । बस अब किसी भी वक्त भगवान के घर से उनका बुलावा आ सकता था । उनके दोनों बेटे, बहुएं और पोता पोती सब आखिरी वक्त उनकी सेवा में लगे थे। उनकी बेटी अंकिता भी अपनी माँ … Read more

सपनों की उड़ान – कमलेश आहूजा : Moral Stories in Hindi

मीना को बचपन से गाने का बहुत शौक था आवाज भी अच्छी थी कभी कभार शादी ब्याह में या छोटी मोटी पार्टी में गाना गा लेती थी।मीना की सुरीली आवाज़ और गाने के शौंक़ को देखकर,रिश्तेदार मीना के माता पिता को यही सलाह देते थे,कि वो बेटी को संगीत की शिक्षा दिलाए ओर इसी क्षेत्र … Read more

अनचाही – डॉ. पारुल अग्रवाल : Moral Stories in Hindi

नताशा की माँ संध्या जी कुछ सहेलियों के साथ आ रही थी। नताशा को सरकार की तरफ से उसके विशेष कार्योँ के लिए सम्मानित किया जाना था। जब नताशा की माँ को पता चला तब उन्होंने अपनी किटी समूह की सहेलियों पर अपनी धाक ज़माने के उद्देश्य से उनका भी अपने साथ आने का कार्यक्रम … Read more

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