पाप और पुण्य – गरिमा चौधरी
बनारस के घाटों से थोड़ी दूर, एक पुरानी लेकिन बेहद भव्य हवेली ‘संस्कार भवन’ में आज सुबह से ही गहमागहमी थी। हवेली के मुखिया, पंडित दीनानाथ शास्त्री, शहर के माने हुए विद्वान और धर्म-कर्म में विश्वास रखने वाले व्यक्ति थे। आज का दिन उनके लिए बहुत महत्वपूर्ण था। उनके दिवंगत पिता की 50वीं पुण्यतिथि थी … Read more