एक ऐसा रिश्ता – मधु झा
जो तुमने किया ,वो तुम थे,जो मैंने किया ,वो मैं थी,, जो तुम कर रहे ,वो तुम हो , जो मैं कर रही ,वो मैं हूँ,, जो तुम करोगे ,वो तुम होगे, जो मैं करूँगी,वो मैं रहूँगी,, और इस मैं और तुम में बहुत अंतर था,,और रहेगा भी,, अफ़सोस कि मैं और तुम कभी हम … Read more