मेरे जैसे बदनसीब दुनिया में कोई नहीं। – संजय सिंह
रोहित ने जीवन में अच्छे से पढ़ाई की। खूब मेहनत की और आखिरकार उस मुकाम तक पहुंच गया ।जिसके लिए अक्सर हर व्यक्ति पढ़ता है ।रोहित को सरकारी विभाग में एक नीति के तहत नौकरी मिल गई। अब वह एक शिक्षक के रूप में नौकरी करने लगा। घर वाले खुश थे। रोहित भी खुश था। … Read more