लोगों का तो काम है कहना- शनाया अहम् Moral Stories in Hindi
अरे देखो तो कैसे रंग की साड़ी पहन रखी है, अभी पति को गए दिन ही कितने हुए हैं ,,, अरी ! बहन,दिन चाहे कितने भी हो जाये , विधवा तो सारी उम्र विधवा ही रहती है। शर्म हया सब बेच खाई है , लगता है ये शब्द साक्षी के कानों में गरम सीसे की … Read more