मेरी खुशियों की चाबी,मेरी भाभी – कमलेश आहूजा : Moral Stories in Hindi
रिया आज विदा होकर अपने ससुराल जा रही थी।वैसे तो वह मेरी बेटी थी,किन्तु लड़का ढूंढने से लेकर कन्यादान तक की सारी जिम्मेदारियां रूपा भाभी ने बड़ी आत्मीयता से निभाईं थीं।वह रिया को एक अच्छी पत्नी व बहू बनने के सीख दे रहीं थीं..समझा रहीं थीं,कि अपने व्यवहार से सबका दिल जीतना।मैं तो बस मूक … Read more