मकड़जाल – डॉ संगीता अग्रवाल : Moral Stories in Hindi
“कब तक ऐसे दरवाजे पर ताकती रहेंगी मालकिन?खाना खाकर सो जाइए,आपकी तबियत खराब हो जायेगी,सुमित बाबा आ जायेंगे, रूमा भाभी जाग रही हैं ,वो देख लेंगी।” राधा ने कहा तो मालती चौंकी। “नहीं…आजतक मैंने उससे पहले खाया है जो आज खाऊंगी? तू खा ले और सो जा, रूमा खाना लगा लेगी उसके आने पर।” तभी … Read more